चाहे जो मर्जी नियम बना लो, रूस किसी भी हाल में कम कीमत पर नहीं बेचेगा तेल, पुतिन का G-7 देशों को खुला चैलेंज
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने कहा है कि वह नॉर्ड स्ट्रीम 2 पाइपलाइन के माध्यम से यूरोप को गैस की आपूर्ति फिर से शुरू करने के लिए तैयार हैं। हालांकि उन्होंने साफ कहा वे कम कीमत पर तेल नहीं बेचने नहीं जा रहे हैं।
रूस (Russia) के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन (Vladimir Putin) ने कहा है कि वह नॉर्ड स्ट्रीम 2 पाइपलाइन के माध्यम से यूरोप को गैस की आपूर्ति फिर से शुरू करने के लिए तैयार हैं। हालांकि रूसी राष्ट्रपति पुतिन ने स्पष्ट कह दिया है कि उनका देश किसी भी हालत में कम कीमत पर तेल नहीं बेचने नहीं जा रहा है। पुतिन का ये बयान ऐसे समय में आया है जब पश्चिमी देशों ने रूसी तेल की कीमत पर कैप (lower price cap) लगाने जा रहे हैं। पुतिन ने कहा कि वे चाहे कोई नियम बना लें लेकिन रूस अपना तेल को किसी भी हालत में कम कीमत पर नहीं बेचेगा।
Image- PTI

रूस अपने हितों के खिलाफ नहीं करेगा काम
यूक्रेन से युद्ध के बाद से ही विवाद के चलते रूस ने यूरोपीय देशों को गैस की आपूर्ति बंद कर दी है जिससे यूरोप में ऊर्जा संकट पैदा हो गया है। इस बीच रूसी सरकारी मीडिया आरटी के रूसी ऊर्जा सप्ताह 2022 कार्यक्रम में बोलते हुए, पुतिन ने कहा कि रूस अपने अपने हितों के खिलाफ काम नहीं करेगा। रूस तेल या गैस को कम कीमत पर ऑफर करके अपनी स्थिति को कम करने का काम नहीं करेगा। रूस किसी भी कीमत पर उनके (G-7) आगे नहीं झुकेगा।

दूसरों के बनाए नियमों पर नहीं चलेगा रूसः पुतिन
पुतिन ने साफ-साफ कह दिया कि रूस दूसरों द्वारा तय किए गए नियमों पर नहीं चलकर खुद को नुकसान पहुंचाने का काम नहीं करेगा। बता दें कि रूस-यूक्रेन युद्ध के बाद पश्चिमी देशों ने रूस पर कई प्रतिबंध लगा दिए। पश्चिमी देश द्वारा तेल निर्यात पर प्रतिबंध लगाने के बावजूद रूस ने अपने तेल को भारत और चीन समेत अन्य देशों को बेचकर खूब मुनाफा कमाया। अब पश्चिमी देश रूस से उसकी आय का सबसे बड़ा स्रोत 'तेल' छीनने के प्रयास तेज कर रहे हैं।

रूस के बजट में तेल का 40 फीसदी योगदान
यूरोन्यूज की रिपोर्ट के अनुसार, यूक्रेन में युद्ध अपने आठवें महीने पूरे होने के करीब है, लेकिन अबतक इसका कोई समाधान नहीं निकल पाया है। ऐसे में पश्चिमी देशों को संदेह है कि रूस तेल की निरंतर बिक्री से अपने मुनाफे के साथ युद्ध को तेज कर रहा है। बतादें कि रूस के बजट का 40 प्रतिशत से अधिक हिस्सा तेल निर्यात से आता है। अगर G-7 तेल की कीमत पर कैप लगाता है तो रूस दुनिया के अन्य देशों में उससे ज्यादा कीमत पर नहीं बेच पाएगा।

यूरोप को गैस की आपूर्ति शुरू करने को तैयारः पुतिन
फिलहाल अभी तक G-7 देशों ने रूसी तेल की कीमत तय नहीं की है। अगर रूसी तेल की कीमत पर कैप लगाई जाती है, तो रूस के राजस्व पर इसका बुरा असर पड़ेगा। यूरोन्यूज की रिपोर्ट के अनुसार, रूस के केंद्रीय बैंक के अनुसार, कच्चे तेल का निर्यात 2021 में 113 बिलियन यूरो था। रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने बुधवार को कहा कि उनका देश बाल्टिक सागर के जरिए जर्मनी जाने वाली नॉर्ड स्ट्रीम 2 पाइपलाइन से यूरोप को गैस की आपूर्ति फिर शुरू करने के लिए तैयार है।

नॉर्ड स्ट्रीम पाइप लाइन विस्फोट में अमेरिका का हाथः पुतिन
पुतिन ने मास्को में एक ऊर्जा मंच को संबोधित करते हुए फिर आरोप लगाया कि नॉर्ड स्ट्रीम 1 पाइपलाइन के दोनों लिंक और नॉर्ड स्ट्रीम 2 पाइपलाइन के दो में से एक लिंक में विस्फोटों के पीछे अमेरिका का हाथ होने की आशंका है। पाइपलाइन में विस्फोटों के कारण बड़े पैमाने पर गैस का रिसाव हुआ और आपूर्ति ठप हो गई। अमेरिका पहले भी पुतिन के ऐसे आरोपों को खारिज कर चुका है।

nord stream 2 पाइपलाइन में रिसाव का पता लगा
इस बीच पोलैंड में कच्चे तेल की भूमिगत पाइपलाइन में एक और रिसाव का पता चला है। इस पाइपलाइन के जरिए रूसी कच्चा तेल जर्मनी भेजा जाता है। पोलेंड के परिचालक पीईआरएन ने कहा कि उसे मंगलवार की शाम ड्रुजबा पाइपलाइन में रिसाव का पता चला। रिसाव स्थल पोलैंड के शहर प्लॉक से करीब 70 किलोमीटर दूर है। पोलैंड सरकार के एक सुरक्षा अधिकारी स्टैनिस्लाव ज़रीन ने कहा कि रिसाव के कारणों के बारे में अनुमान लगाना अभी जल्दबाजी होगी और विशेषज्ञ इस मामले की जांच कर रहे हैं।












Click it and Unblock the Notifications