Venezuela crisis: अब इस देश पर हमला करेगा अमेरिका, ट्रंप ने राष्ट्रपति को दी धमकी
US Military Operation Venezuela 2026: 3 जनवरी 2026 की रात वेनेजुएला के लिए एक ऐतिहासिक और खौफनाक मोड़ साबित हुई, जब अमेरिकी 'डेल्टा फोर्स' ने राजधानी काराकास के आसमान को चीरते हुए भीषण एयरस्ट्राइक कर दी। 'ऑपरेशन एब्सोल्यूट रिजॉल्व' के तहत इस दुस्साहसी सैन्य अभियान में तानाशाह निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी को उनके सबसे सुरक्षित ठिकाने से गिरफ्तार कर सीधे न्यूयॉर्क की फेडरल जेल पहुंचा दिया गया।
डोनाल्ड ट्रंप के इस बिजली की तेजी वाले एक्शन ने न केवल मादुरो के साम्राज्य को ध्वस्त कर दिया है, बल्कि लैटिन अमेरिका की भू-राजनीति में भी हड़कंप मचा दिया है। ट्रंप ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यह तो बस शुरुआत है; अब कोलंबिया और मैक्सिको जैसे देश भी उनके रडार पर हैं, जिससे पूरी दुनिया में एक नए युद्ध की आहट महसूस होने लगी है।

कोलंबिया को चेतावनी: 'पेट्रो सावधान रहें, वह कोकीन बना रहे हैं'
लैटिन अमेरिकी देशों द्वारा इस हमले की आलोचना के बीच ट्रंप ने कोलंबियाई राष्ट्रपति गुस्तावो पेट्रो को खुली धमकी दी है। ट्रंप ने पेट्रो पर सीधा आरोप लगाया कि वे अपने देश में कोकीन बनवाकर अमेरिका भेज रहे हैं। ट्रंप ने पत्रकारों से दो-टूक कहा, "उन्हें (पेट्रो) अपनी सुरक्षा का ध्यान रखना चाहिए (Watch his a--)।" ट्रंप पहले ही कोलंबिया की ड्रग लैब पर सैन्य हमले करने का संकेत दे चुके हैं, जिससे अब इस पड़ोसी देश में भी अमेरिकी हस्तक्षेप का डर गहरा गया है।
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वेनेजुएला का शासन: 'जब तक सब ठीक नहीं होता, हम संभालेंगे'
मादुरो के हटने के बाद वेनेजुएला के भविष्य पर ट्रंप ने बड़ा खुलासा किया। उन्होंने कहा कि अमेरिका अस्थायी रूप से वेनेजुएला का शासन संभालेगा ताकि "उचित और सुरक्षित सत्ता हस्तांतरण" सुनिश्चित किया जा सके। ट्रंप ने विपक्षी नेता मारिया मचाडो के बजाय वेनेजुएला की उपराष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज पर भरोसा जताया और उन्हें 'देश को फिर से महान' बनाने की जिम्मेदारी देने की बात कही। ट्रंप का मानना है कि मचाडो के पास देश के भीतर पर्याप्त सम्मान और समर्थन नहीं है।
तेल पर कब्ज़ा और अरबों डॉलर का निवेश: ट्रंप का मेगा प्लान
ट्रंप ने वेनेजुएला के विशाल तेल भंडारों को लेकर अपनी नीति स्पष्ट कर दी है। उन्होंने घोषणा की है कि विशाल अमेरिकी तेल कंपनियां जल्द ही वेनेजुएला जाएंगी और वहां के क्षतिग्रस्त बुनियादी ढांचे को ठीक करने के लिए अरबों डॉलर खर्च करेंगी। ट्रंप ने इसे "अमेरिका फर्स्ट" नीति का हिस्सा बताया, जिसका उद्देश्य पश्चिमी गोलार्ध में अमेरिकी ऊर्जा सुरक्षा और प्रभुत्व को फिर से स्थापित करना है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वेनेजुएला के तेल से होने वाले मुनाफे का उपयोग अमेरिका अपनी लागत वसूलने के लिए करेगा।
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मैक्सिको और क्यूबा को कड़ा संदेश: 'अगली बारी तुम्हारी'
विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने संकेत दिया कि क्यूबा अगला निशाना हो सकता है, क्योंकि मादुरो की सुरक्षा और जासूसी तंत्र में क्यूबाई अधिकारियों का बड़ा हाथ था। वहीं, ट्रंप ने मैक्सिको की राष्ट्रपति क्लाउडिया शाइनबाम के बारे में कहा कि वे एक अच्छी महिला हैं लेकिन "देश कार्टेल चला रहे हैं।" ट्रंप ने फिर दोहराया कि वे मैक्सिको में घुसकर कार्टेल्स को खत्म करने के लिए तैयार हैं। इन बयानों से साफ है कि अमेरिका अब पूरे लैटिन अमेरिका में अपने प्रभुत्व (Monroe Doctrine) को आक्रामक तरीके से लागू कर रहा है।
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