ईरान-सऊदी युद्ध से बचने के लिए पाकिस्तान का खतरनाक खेल? भारत के खिलाफ 'फॉल्स फ्लैग' की चली चाल
Pakistan Pushes False Flag Narrative: भारत का पड़ोसी देश पाकिस्तान अपनी फर्जी दावों से बाज नहीं आ रहा है। पहलगाम हमले की पहली बरसी से ठीक पहले पाक ने भारत के खिलाफ साजिश रचते हुए एक बार फिर दुष्प्रचार करना शुरू कर दिया है। खुफिया सूत्रों के मुताबिक, पाकिस्तान की सेना, खुफिया एजेंसी ISI और सूचना तंत्र मिलकर भारत के नाम पर "फॉल्स फ्लैग" नैरेटिव को सक्रिय किया है।
यह अभियान न केवल डॉन और जियो न्यूज़ जैसे प्रमुख मीडिया और डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर भी तेजी से फैलाया जा रहा है, जिससे सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट पर आ गई हैं। पाकिस्तानी अखबार 'डॉन' की एक रिपोर्ट में दावा किया गया है कि भारत अपनी सीमाओं के अंदर 'फॉल्स फ्लैग ऑपरेशन' को अंजाम देने के लिए पाकिस्तानी नागरिकों का इस्तेमाल करने की प्लानिंग कर रहा है।

पहलगाम हमले से मिलता-जुलता पैटर्न
यह पूरा घटनाक्रम ऐसे समय सामने आया है जब पहलगाम आतंकी हमले की बरसी नजदीक है। याद रहे कि पाकिस्तान ने एक साल पहले भी 22 अप्रैल को हुए पहलगाम आतंकी हमले के 23 दिन पहले इसी तरह का दुष्प्रचार फैलाया था। उस समय दावा किया गया था कि भारत ने 'फॉल्स फ्लैग ऑपरेशन' के तहत खुद हमला करवाकर पाकिस्तान को फंसाया। हालांकि ये आरोप पूरी तरह झूठ साबित हुए और इस घटना ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पाकिस्तान के झूठ की पोल खुल गई और उसकी थू-थू हुई।
युद्ध से बचने के लिए भारत की ओर ध्यान मोड़ने की कोशिश?
वहीं अब पहलगाम हमले की बरसी से ठीक पाकिस्तान भारत के खिलाफ फॉल्स फ्लैग नैरेटिव फैलाकर ईरान से जुड़े संकट से ध्यान हटाकर भारत के साथ तनाव को फिर उभारने की कोशिश कर रहा है। पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय मंच, खासकर सऊदी अरब को यह संदेश देना चाहता है कि उसे भारत से गंभीर सुरक्षा खतरा है। इसके जरिए वह अपने ऊपर बढ़ते दबाव से बचने के लिए एक तरह का "कवर फायर" तैयार कर रहा है।
इससे पहले अफगानिस्तान में सैन्य गतिविधियों के जरिए भी ऐसा संकेत देने की कोशिश की गई थी। पाकिस्तान की कोशिश अक्सर सांप्रदायिक वैमनस्य फैलाना और वैश्विक मंच पर भारत की छवि को नुकसान पहुंचाना रहता है।
Pak जनरल मुनीर रच रहे भारत के खिलाफ साजिश
इस फॉल्स फ्लैग नैरेटिव का पाकिस्तानी सेना प्रमुख जनरल असीम मुनीर की इस सुनियोजित रणनीति का हिस्सा बताए जा रहे हैं। खुफिया इनपुट्स के अनुसार, मुनरी इस नैरेटिव का उद्देश्य सऊदी अरब-ईरान युद्ध में खुद को फंसाने से बचने के लिए भारत के साथ युद्ध का माहौल बनाने की कोशिश कर रहे हैं। मुनीर को ये अच्छे से पता है कि आतंकी हमले पर भारत की जवाबी कार्रवाई निश्चित है।
आईएसआई ने "फॉल्स फ्लैग" नैरेटिव तैयार किया
रिपोर्ट्स के अनुसार, इस पूरे "फॉल्स फ्लैग" नैरेटिव का मसौदा आईएसआई के डायरेक्टर जनरल-मीडिया मेजर जनरल मुहम्मद मुश्ताक अली ने सोमवार को तैयार किया। इसे पहले पाकिस्तानी अखबारों में प्रकाशित कराया गया और फिर सेना के एक्स कॉर्प्स तथा इंटर-सर्विसेज पब्लिक रिलेशंस (ISPR) के जरिए बड़े पैमाने पर फैलाया गया। अभियान की निगरानी कथित तौर पर वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों द्वारा की गई, जिसमें सोशल मीडिया बॉट्स का भी इस्तेमाल शामिल था।
सऊदी अरब और ईरान के बीच फंसा पाकिस्तान
मौजूदा हालात में पाकिस्तान पर सऊदी अरब के प्रति अपनी सुरक्षा प्रतिबद्धताओं को लेकर दबाव बढ़ता दिख रहा है। पिछले साल हुए 'स्ट्रैटेजिक म्यूचुअल डिफेंस एग्रीमेंट' (SMDA) के तहत सऊदी अरब पर हमला, पाकिस्तान के लिए भी सीधा खतरा माना जाएगा। ऐसे में ईरान-सऊदी तनाव के बीच पाकिस्तान की स्थिति जटिल बनी हुई है, क्योंकि वह अभी तक किसी सीधे सैन्य हस्तक्षेप से बचता नजर आ रहा है।
जम्मू-कश्मीर में जारी आतंकी गतिविधियां
आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, पिछले 11 महीनों में भारतीय सुरक्षा बलों ने जम्मू-कश्मीर में 34 पाकिस्तानी आतंकवादियों को मार गिराया है। यह संकेत देता है कि सीमा पार से आतंकी गतिविधियों का नेटवर्क अब भी सक्रिय है और सुरक्षा एजेंसियों के लिए लगातार चुनौती बना हुआ है।












Click it and Unblock the Notifications