ताइवान को घेर रहा है 'ड्रैगन', नैन्सी के जाते ही शुरू किया सबसे बड़ा सैन्य अभ्यास, जंग के दिख रहे आसार!
नैन्सी पेलोसी के ताइवान से जाने के बाद चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) ने देश का अब तक का सबसे बड़ा सैन्य अभ्यास शुरू किया है।
ताइपे, 4 अगस्त: अमेरिकी स्पीकर नैन्सी पेलोसी के ताइवान से वापस जाते ही अमेरिका ने देश के हवाई मार्ग के आसपास फायरिंग शुरू कर दी है। खबर है कि, चीन गुस्से में देश का अब तक का सबसे बड़ा सैन्य अभ्यास शुरू कर दिया है। चीन नैन्सी के आने से ताइवान और अमेरिका दोनों से खफा है और वह बदले की आग में जल रहा है। चीन ने ताइपे के हवाई इलाके को घेर लिया है और ताबड़तोड़ गोलीबारी और फायरिंग किए जा रहा है। यह उसका सैन्य अभ्यास का एक हिस्सा है। हालांकि, लगातार हो रही फायरिंग चीन की नाराजगी का सबूत है। ताइवान के एक सूत्र ने रॉयटर्स को बताया कि इसके अलावा, चीन की सेना ने बुधवार रात से गुरुवार की सुबह तक ताइवान के आसपास के क्षेत्रों में घुसपैठ की। वहीं, ताइवान के अधिकारियों ने कहा है कि चीन का अभ्यास संयुक्त राष्ट्र के नियमों का उल्लंघन है। चीन का ताइवान के क्षेत्रीय क्षेत्र पर आक्रमण करना मुक्त हवाई और समुद्री नेविगेशन के लिए एक सीधी चुनौती है।(after nancy Pelosi departure China launches military drills around Taiwan)
Recommended Video

अमेरिका के किए का परिणाम ताइवान भुगतेगा
चीन ने अमेरिकी स्पीकर नैन्सी पेलोसी की ताइवान यात्रा की निंदा करते हुए इसे 'बेहद खतरनाक' बताया है। बता दें कि, पिछले 25 साल में इस स्वतंत्र द्वीप की यात्रा करने वाली नैन्सी पेलोसी अमेरिका की पहली बड़ी नेता हैं। उनकी यात्रा के विरोध में चीन ने ताइवान में अपने लड़ाकू विमान उड़ाकर अमेरिका को ताकत दिखाने का प्रयास किया, लेकिन अमेरिका जैसे महाशक्ति देश ने चीन की इस धमकी को नजरअंदाज कर दिया।

ताइवान फिर से बीजिंग के नियंत्रण में होगा!
चीन ताइवान को एक अलग प्रांत के रूप में देखता है। चीन का यह भी कहना है कि, ताइवान फिर से बीजिंग के नियंत्रण में होगा। वहीं, ताइवान खुद को एक स्वतंत्र देश के रूप में देखता है, जिसका अपना संविधान और लोकतांत्रिक रूप से निर्वाचित नेता हैं।दूसरी तरफ चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने कहा है कि ताइवान को चीन में मिलाने के लिए अगर बीजिंग को बल भी प्रयोग करना पड़े, तो भी वह पीछे नहीं हटेगा।
करे अमेरिका, भरे ताइवान
अमेरिका ने चीन की धमकी के कारण अपने चार घातक युद्धपोतों को ताइवान के पास लाकर खड़ा कर दिया है। चीन इससे बौखलाकर अपने दो बड़े वॉरशिप को अमेरिका के युद्धपोतों के आमने-सामने लाकर खड़ा कर दिया। यहां के हालात के बारे में कुछ कहा नहीं जा सकता है क्योंकि चीन अमेरिका से काफी नाराज है। उसने बार-बार नैन्सी पेलोसी को ताइवान आने से मना कर दिया था, लेकिन वह नहीं मानी और ड्रैगन की धमकी को हल्के में लेते हुए ताइवान पहुंच गईं।

ताइवान से नाराज चीन का सैन्य अभ्यास
अमेरिका ने चीन की धमकी के कारण अपने चार घातक युद्धपोतों को ताइवान के पास लाकर खड़ा कर दिया है। चीन इससे बौखलाकर अपने दो बड़े वॉरशिप को अमेरिका के युद्धपोतों के आमने-सामने लाकर खड़ा कर दिया। यहां के हालात के बारे में कुछ कहा नहीं जा सकता है क्योंकि चीन अमेरिका से काफी नाराज है। उसने बार-बार नैन्सी पेलोसी को ताइवान आने से मना कर दिया था, लेकिन वह नहीं मानी और ड्रैगन की धमकी को हल्के में लेते हुए ताइवान पहुंच गईं।

चीन जल भुन गया है
नैन्सी ने ताइवान में जो कहा उससे चीन जल भुन गया है। चीनी नेतृत्व की घोर आलोचक रही नैन्सी ने कहा कि अमेरिका हमेशा ताइवान और उनके लोगों के साथ खड़ा रहेगा। इस दौरान उन्होंने संसद को संबोधित किया और राष्ट्रपति से मुलाकात भी की। इससे चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग आगबबूला हो गए हैं।












Click it and Unblock the Notifications