25 साल बाद मई में ब्रिटेन पर टूटेगा प्रकृति का कहर, 'उल्टे' मौसम के पूर्वानुमान ने दिया 'रूस' वाला टेंशन
लंदन, 25 अप्रैल: जलवायु परिवर्तन बार-बार अपने खतरे की ओर इंसान को आगाह कर रहा है। अब ब्रिटेन में मौसम को लेकर एक ऐसी भविष्यवाणी की गई है, जो अच्छे संकेत नहीं माने जा सकते। यहां भीषण गर्मी के मौसम में भी कड़ाके की सर्दी और बर्फबारी का अनुमान लगाया गया है। पूर्वानुमान के मुताबिक मई महीने में पारा शून्य से भी 5 सेंटीग्रेड नीचे जाने की बात कही गई है। यह स्थिति 25 वर्षों बाद आई है। 1997 में लंदन के हीथ्रो एयरपोर्ट पर पारा 1.8 सेंटीग्रेड तक गिर गया था। हाल ही में वैज्ञानिकों ने जलवायु परिवर्तन की वजह से यूरोप में हो रही एक्स्ट्रीम वेदर की घटनाओं पर चिंता जाहिर की है।

'लू' के समय में 'रूस वाली सर्दी' झेलेगा ब्रिटेन
जलवायु परिवर्तन ने डरावनी तस्वीर पेश करनी शुरू कर दी है। इसका अगला शिकार ब्रिटेन बनने जा रहा है, जहां आने वाले मई महीने में मौसम के विपरीत मौसम का पूर्वानुमान जारी किया गया है। मिरर की एक रिपोर्ट के मुताबिक आने वाले मई महीने में यूके के लोगों को शून्य से नीचे माइनस 5 सेंटीग्रेड तापमान या रूस वाली सर्दी झेलने के लिए तैयार रहना चाहिए। मई में उत्तरी इलाकों में हड्डी कंपा देने वाली सर्दी की भविष्यवाणी की गई है, जिसमें बर्फबारी भी होगी और तापमान स्वीडन से भी कम हो जाएगा।

माइनस 5 डिग्री तक गिर सकता है तापमान
रिपोर्ट के अनुसार अगर मौसम वैज्ञानिकों का पूर्वानुमान सही रहा तो ब्रिटेन में मई के महीने में 25 साल बाद ऐसी सर्दी पड़ेगी। गौरतलब है की ईस्टर के समय वहां तापमान 23 सेंटीग्रेड तक चला गया था, जिसे यूरोप के हिसाब से हीट वेव कहा जा रहा है। लेकिन, अगले हफ्ते से दक्षिणी यूके में व्यापक सर्दी पड़ेगी और और उत्तर में हिमपात देखने को मिलेगा। इस दौरान उत्तर में रात के समय तापमान माइनस 5 सेंटीग्रेड तक गिर सकता है, जबकि दक्षिण में भी यह 2 सेंटीग्रेड तक खिसक सकता है।

हिमपात का भी अनुमान
लंदन के विश्व विख्यात हीथ्रो एयरपोर्ट पर 1997 के मई में न्यूनतम तापमान 1.8 सेंटीग्रेड चला गया था। अगर इस बार इससे भी नीचे जाता है तो यह सबसे ठंडा मई का महीना होगा। 0मौसम विभाग के पूर्व वैज्ञानिक जॉन हामॉन्ड ने मौसम में इस बदलाव के बारे में कहा है, 'पारा उल्टा जाएगा, और अप्रैल के आखिर में ठंड का ट्रेंड होगा।' उनके मुताबिक, 'आर्कटिक हवा की ताजा लहरों का मतलब है कि पूरे दक्षिणी ब्रिटेन में भी, तापमान बर्फ जमने के करीब या इससे भी नीचे गिरने का एक अच्छा मौका है।' यही नहीं, 'सप्ताह के अंत में एक या दो हिमपात से भी इनकार नहीं किया जा सकता, जो कि उत्तर के ऊंचे इलाकों में होने की ज्यादा संभावना है।'

कुछ ही दिनों में मौसम हो रहा उल्टा-पुल्टा
शून्य से नीचे तापमान गिरने का मतलब है कि यूनाइटेड किंगडम की रातें स्टॉकहोम से भी 3 सेंटीग्रेड सर्द होंगी। हालांकि, लंदन में कुछ दिन ऐसी भी गुजरने का अनुमान है, जब पारा 17 डिग्री तक चढ़ जाएगा। इंग्लैंड में मौसम किस तरह से कुछ ही दिनों में इतना करवट ले रहा है, यह एक्सपर्ट को भी हैरान कर रहा है। क्योंकि, कुछ दिन पहले ही ब्रिटेन में धूप मैड्रिड और अल्गार्वे से भी ज्यादा गरम थी। रविवार यानी 24 अप्रैल को ही ब्रिटेन के लोगों ने 18 डिग्री के तापमान में धूप सेंकी है, जबकि, अल्गार्वे में 17 सेंटीग्रेड के साथ बारिश भी हो रही थी।

जलवायु परिवर्तन है जिम्मेदार ?
ब्लूमबर्ग की एक रिपोर्ट के मुताबिक 2021 यूरोप में एक्स्ट्रीम वेदर की घटनाओं के लिए रिकॉर्ड-ब्रेकिंग साल की तरह रहा है। कॉपरनिकस क्लाइमेट चेंज सर्विस के वैज्ञानिकों के हवाले से इसमें बताया गया है कि इसके चलते बाढ़ और बेहद गर्म मौसम की घटनाएं पिछले साल बढ़ी हैं। हालांकि, पिछले 20 वर्षों में यूरोप में गर्मी का औसत तापमान सामान्य से 1 डिग्री सेल्सियस ज्यादा रहा है। वहीं, जर्मनी और बेल्जियम रिकॉर्ड बारिश की वजह से भारी त्रासदी झेलने को मजबूर हुए हैं। ऐसे में ब्रिटेन में गर्मी के मौसम में कड़ाके की सर्दी का अहसास दिलाने वाले मौसम की जो भविष्यवाणी की गई है, वह भी जलवायु परिवर्तन के खतरे की ओर ही इशारा करता नजर आ रहा है।(तस्वीरें- प्रतीकात्मक और फाइल)












Click it and Unblock the Notifications