IPS Shashank Anand: कौन हैं IG शशांक आनंद? जिन्होंने बताया- BSF ने कैसे तबाह किए आतंकी ठिकाने?
Who is IG Shashank Anand: पाकिस्तान के आतंकी ठिकानों को ढेर करने के लिए भारत ने 'ऑपरेशन सिंदूर' चलाया। इसमें पाक के आतंक की कमर टूटी। इसके बाद, पाकिस्तान को घुटनों पर आना ही पड़ा। इस कार्रवाई में सीमा सुरक्षा बल (BSF) ने अहम रोल निभाया। मंगलवार, 27 मई को बीएसएफ आईजी IPS शशांक आनंद ने इसपर खुलकर बात की। साथ ही कुछ वीडियो भी दिखाए, जिसमें सुरक्षाबलों ने पाकिस्तान के छक्के छुड़ा दिए।
ऑपरेशन सिंदूर पर बीएसएफ के आईजी जम्मू शशांक आनंद ने कहा, ऑपरेशन सिंदूर के दौरान बीएसएफ की महिला कर्मियों ने अग्रिम ड्यूटी चौकियों पर लड़ाई लड़ी। आइए जानते हैं आखिर IPS शशांक आनंद कौन हैं? ऑपरेशन सिंदूर में क्या भूमिका निभाई?

Who is IPS Shashank Anand: कौन हैं IPS शशांक आनंद?
IPS शशांक आनंद फिलहाल BSF के जम्मू फ्रंटियर के IG (Inspector General) हैं। उन्हें 2 फरवरी 2025 को इस अहम पद की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। वो हरियाणा कैडर के 2006 बैच के आईपीएस अधिकारी हैं और मूल रूप से दिल्ली के रहने वाले हैं। उनका जन्म 5 नवंबर 1981 को हुआ था।
उन्होंने M.Tech तक की पढ़ाई करने के बाद UPSC की सिविल सर्विस परीक्षा 2005 में पास की और फिर 2006 में IPS बने। शुरुआत में उन्होंने हरियाणा पुलिस में सेवाएं दीं, फिर चंडीगढ़ में ट्रैफिक और सुरक्षा विभाग में SP भी रहे। जनवरी 2025 में DIG से प्रमोट होकर IG बने और अब BSF जम्मू की कमान संभाल रहे हैं।
ऑपरेशन सिंदूर में क्या भूमिका निभाई IG शशांक आनंद ने?
IG शशांक आनंद ने बताया कि BSF की महिला जवानों ने भी इस ऑपरेशन में अहम भूमिका निभाई। उन्होंने सहायक कमांडेंट नेहा भंडारी, कांस्टेबल मंजीत कौर, मलकीत कौर, ज्योति, सम्पा और स्वप्ना का नाम लेकर उनके साहस की सराहना की।
उन्होंने कहा कि पाकिस्तान की ओर से BSF पोस्ट पर भारी ड्रोन और मोर्टार हमले हुए, लेकिन BSF ने न केवल मोर्चा संभाला, बल्कि पाकिस्तान के आतंकी लॉन्च पैड्स को तबाह कर दिया। उन्होंने ये भी प्रस्ताव रखा कि शहीद हुए BSF जवानों के नाम पर पोस्टों का नाम रखा जाए, और एक पोस्ट का नाम 'सिंदूर' रखा जाए।
क्या कहा ऑपरेशन सिंदूर को लेकर?
IG शशांक ने बताया कि पाकिस्तान की कोशिश थी कि 40-50 आतंकियों को घुसपैठ कराई जाए, लेकिन BSF ने अखनूर और आरएस पुरा सेक्टर में जवाबी कार्रवाई करते हुए लूनी और मस्तपुर जैसे आतंकी ठिकानों को तबाह कर दिया। उन्होंने कहा, 'ऑपरेशन सिंदूर का प्रहार पाकिस्तान कभी नहीं भूल पाएगा।'
सीमावर्ती गांवों के लिए क्या कर रही है BSF?
IG शशांक ने बताया कि सीमा पर शांति बहाल हो रही है, और BSF अब सीमावर्ती गांवों में मेडिकल कैंप, नागरिक कार्यक्रम, और किसान सहयोग योजनाएं चला रही है ताकि आम लोग सुरक्षित माहौल में अपनी ज़िंदगी जी सकें। IPS शशांक आनंद न सिर्फ एक तेज तर्रार पुलिस अधिकारी हैं बल्कि BSF की अगली पंक्ति में खड़े रणनीतिक योद्धा भी हैं। ऑपरेशन सिंदूर की कमान उनके नेतृत्व में चली और उन्होंने न सिर्फ फिजिकल एक्शन को लीड किया बल्कि कम्युनिकेशन और मनोबल दोनों का शानदार उदाहरण पेश किया।












Click it and Unblock the Notifications