'हिंदू' को गंदा कहने वाले Satish Jarkiholi कौन हैं ? कांग्रेस नेता Bill Gates से क्यों करते हैं खुद की तुलना
कर्नाटक कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष सतीश जरकीहोली 'हिंदू' शब्द पर दिए अपने आपत्तिजनक बयान की वजह से अभी विवादों में हैं। लेकिन, सच्चाई ये है कि विवादों से उनका नाता नया नहीं है। उनका परिवार कर्नाटक के धनाढ्य परिवारों में से है और वे और उनके बाकी तीन भाई राजनीति में हैं और वे सब भी कई बार गलत वजहों से चर्चा में आ चुके हैं। सतीश जरकीहोली वही कांग्रेसी नेता हैं, जिन्होंने एक बार श्मशान भूमि में रात गुजारी थी और वहां पर रात का खाना भी खाया था। 2015 में वह अपनी ही सरकार के खिलाफ बगावत करके मंत्रिमंडल से इस्तीफा दे चुके हैं।

कांग्रेस नेता सतीश जरकीहोली का विवादों से है पुराना नाता
सतीश लक्ष्मणराव जरकीहोली कर्नाटक के पूर्व मंत्री हैं और इस वक्त प्रदेश कांग्रेस कमेटी के वर्किंग प्रेसिडेंट हैं। उन्होंने यह कहकर कि 'हिंदू' शब्द भारतीय नहीं है और यह बहुत ही गंदा या अश्लील शब्द है, बहुत बड़ा विवाद खड़ा कर दिया है। इस मसले पर खुद उनकी कांग्रेस पार्टी भी सामने से उनके साथ पूरी तरह से खड़ी नहीं हो पा रही है। जबकि, भारतीय जनता पार्टी ने तो उनके बयान के लिए कांग्रेस की मानसिकता को ही सवालों के घेरे में ला खड़ा किया है। वैसे जरकीहोली के बारे में अहम तथ्य यह है कि विवादों से उनका नाता काफी पुराना है और जो भी दिमाग में आ जाता है, वह वैसा बोलने के लिए जाने जाते हैं।

'हिंदू' शब्द पर दिया है आपत्तिजनक बयान
सबसे पहले यह जान लेते हैं कि 60 वर्षीय कांग्रेस नेता ने 'हिंदू' शब्द को लेकर कहा क्या है, जिसकी वजह से वह ताजा विवादों में आए हैं और उन्होंने इसपर माफी मांगने से भी इनकार कर दिया है। सतीश जरकीहोली ने कर्नाटक के बेलगावी में एक कार्यक्रम के दौरान 'हिंदू' शब्द को लेकर बहुत ही गैर-जिमेदाराना बयान दिया है। उन्होंने कह दिया है कि 'हिंदू' शब्द भारत का है ही नहीं और यह फारसी शब्द है। उन्होंने यहां तक दावा कर दिया कि 'यदि आप हिंदू शब्द का अर्थ जानेंगे तो आपको शर्म आएगी। यह गंदा है।'

जरकीहोली का बयान बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण है-सुरजेवाला
जरकीहोली ने आपत्तिजनक बयान क्यों दिया, यह तो पता नहीं, लेकिन भारतीय जनता पार्टी ने इस पर जोरदार प्रतिक्रिया दी है और कहा कि यह हिंदुओं का भड़काने की कोशिश है। खुद कांग्रेस ने भी उनके बयान से किनारा करने की कोशिश करते हुए इसे दुर्भाग्यपूर्ण कहा है। पार्टी नेता रणदीप सुरजेवाला ने कांग्रेस की ओर से ट्विटर पर उनके बयान की निंदा की है और कहा है हिंदुत्व एक जीवन शैली है। उन्होंने कहा कि 'सतीश जरकीहोली का बयान बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण है और खारिज किए जाने योग्य है। हम इसकी स्पष्ट तौर पर निंदा करते हैं।'

श्मशान में रात गुजार चुके हैं सतीश जरकीहोली
2014 में जरकीहोली कर्नाटक में सिद्दारमैया सरकार में आबकारी मंत्री हुआ करते थे। श्मशान के आसपास अंधविश्वास को दूर करने के नाम पर उन्होंने एक रात बेलगावी शहर एक श्मशान भूमि में ही खाना खाया था और रात गुजारी थी। इंडियन एक्सप्रेस की एक रिपोर्ट के अनुसार वह ऐसा कर्नाटक की तत्कालीन कांग्रेस सरकार पर अंधविश्वास-विरोधी बिल लाने का दबाव बनाने के लिए कर रहे थे। तब उन्होंने कहा था, 'मैं उन मिथकों और डर को तोड़ना चाहता हूं जो श्मशानों से जुड़े रहते हैं और दिखाना चाहता हूं कि वो शांतिपूर्ण स्थान हैं।' जरकीहोली उत्तर कर्नाटक के बेलगावी जिले के बड़े चीना कारोबारी हैं। 2015 में उन्होंने सिद्दारमैया की अगुवाई वाली कांग्रेस सरकार से कई मुद्दों पर मतभेद की वजह से कैबिनेट से इस्तीफा दे दिया था, जिसमें अंधविश्वास-विरोधी कानून लाने की मांग भी शामिल थी।

कौन हैं सतीश जरकीहोली ?
सतीश जरकीहोली अनुसूचित जनजाति की वाल्मीकि नायक समाज से ताल्लुक रखते हैं। उनके बाकी तीन भाई भी राजनीति में हैं और अलग-अलग पार्टियों से जुड़े हुए हैं। सतीश की तरह उनके बाकी भाई भी किसी ना किसी वजह से अक्सर विवादों में बने रहते हैं। उनके 62 वर्षीय भाई रमेश जरकीहोली भाजपा में हैं और 2021 में रेप के आरोपों में उन्हें मंत्री पद छोड़ना पड़ा था। 56 साल के बालचंद्र जरकीहोली बीजेपी एमएलए हैं, जबकि 51 साल के लखन जरकीहोली विधान परिषद के निर्दलीय सदस्य हैं।

सतीश जरकीहोली की संपत्ति
सतीश जरकीहोली एकबार खुद की तुलना माइक्रोसॉफ्ट के फाउंडर बिल गेट्स से कर चुके हैं। उनका कहना था कि बिल गेट्स और वे खुद देवी लक्ष्मी की पूजा किए बिना ही अमीर बने हैं। 2021 में उन्होंने अपनी संपत्ति 148 करोड़ रुपए से ज्यादा की घोषित की थी, जो कि उनके मुताबिक चीनी कारोबार और बाकी बिजनेस से जुटाए थे।












Click it and Unblock the Notifications