Video: 3 महिलाएं 1 किलोमीटर तक दंडवत चलीं और फिर TMC में हुईं शामिल, BJP का दावा- ये पहले हमारे यहां थीं...
पश्चिम बंगाल की तीन आदिवासी महिलाएं एक किलोमीटर तक दंडवत पैदल चलकर तृणमूल कांग्रेस (TMC) पार्टी में शामिल हुई हैं।

पश्चिम बंगाल की तीन महिलाओं ने एक किलोमीटर तक दंडवत पैदल चलकर तृणमूल कांग्रेस (TMC) पार्टी ज्वाइन की है। तीनों महिलाएं आदिवासी हैं। तीनों महिलाओं का दंडवत करते हुए वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। बताया जा रहा है कि टीएमसी पार्टी ऑफिस जाने के लिए तीनों महिलाएं दंडवत चली थीं। इस पूरे मामले को लेकर अब विवाद शुरू हो गया है।
भाजपा का दावा है कि महिलाएं पहले उनकी पार्टी में थीं लेकिन वह अब टीएमसी में शामिल हुई हैं। भाजपा का दावा है कि ये दंडवत चलना अपनी महिलाओं की मर्जी नहीं है, उन्हें भाजपा में जाने के लिए ये कड़ी सजा दी गई है।
'ये कोई दंडवत परिक्रमा नहीं, TMC द्वारा गई सजा है...'
बीजेपी आईटी सेल के प्रमुख अमित मालविया ने ट्वीट कर कहा, ''दंडवत परिक्रमा करने वाली ये आदिवासी महिलाएं (मार्टिना किस्कू, शिउली मार्दी, ठाकरन सोरेन और मालती मुर्मू) बालुरघाट की रहने वाली हैं। यह कोई धार्मिक अनुष्ठान नहीं है बल्कि स्थानीय टीएमसी नेताओं द्वारा दी गई सजा है क्योंकि वे भाजपा में शामिल हो गई थीं।''
'TMC ने उनका अपमान किया...'
भाजपा नेता सुकांत मजूमदार का आरोप है कि कुछ एसटी समुदाय की महिलाएं जो भाजपा में शामिल हुई थीं, उन्हें सजा जी गई है। सुकांत मजूमदार ने कहा, ''टीएमसी ने उनका (आदिवासी समुदाय) अपमान करने के लिए सब कुछ किया। मैं देश भर के आदिवासी समुदाय के सभी लोगों से पार्टी के खिलाफ विरोध करने की अपील करता हूं क्योंकि वे आदिवासी विरोधी हैं।''
'क्या यह दीदी का महिलाओं और उनकी सुरक्षा का यही तरीका है...'
भाजपा नेता खुशबू सुंदर ने वीडियो ट्वीट कर कहा, ''एसटी समुदाय की महिलाएं भाजपा में शामिल हुई थीं। लेकिन टीएमसी द्वारा अपनी पार्टी में फिर से शामिल होने और सजा के रूप में दंडवत परिक्रमा करने के लिए उन्हें मजबूर किया गया। यह मेहनती आदिवासी महिलाओं का अपमान है और घोर मानवाधिकारों का हनन भी है! क्या यह दीदी का महिलाओं और उनकी सुरक्षा का यही तरीका है...।''












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