देशभर में किसान आज RCEP समझौते का करेंगे विरोध
नई दिल्ली। देशभर के किसान आज रीजनल कॉम्प्रिहेंसिव इकनॉमिक पार्टनरशिप समझौते के खिलाफ प्रदर्शन करेंगे। तमाम किसान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम जिला कलेक्टर कार्यालयों में इस समझौते के खिलाफ ज्ञापन सौंपेंगे। बता दें कि देशभर के किसान यह प्रदर्शन राष्ट्रीय किसान महासंघ के बैनर तले कर रहे हैं। किसान आरसीईपी समझौते का विरोध कर रहे हैं और मांग कर रहे हैं कि इस समझौते को रद्द किया जाए। इससे पहले 10 अक्टूबर को किसान महासंघ की एक बैठक हुई थी और किसानों ने इस समझौते का विरोध किया था।

तमाम किसानों ने केंद्रीय वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल का जंतर-मंतर का पुतला फूंका था। जिसके बाद यह फैसला लिया गया था कि 18 अक्टूबर को इस समझौते के विरोध में किसान सड़क पर उतरेंगे। गौरतलब है कि किसान महासभा की बैठक में 15 राज्यों के किसान नेता उपस्थित हुए थे। राष्ट्रीय किसान महासंघ के प्रवक्ता अभिमन्यु कोहाड़ ने बताया कि देशभर में किसान काली पट्टी बांधकर आरसीईपी का विरोध करेंगे। तमाम सांसदों को भी किसानों के इस विरोध में शामिल होने के लिए कहा गया है। 2 नवंबर को किसान 3 घंटे के लिए देशभर में सड़क रोको प्रदर्शन भी करेंगे।
बता दें कि आसियान देशों और 6 अन्य प्रमुख देशों के साथ मुक्त व्यापार के लिए यह समझौता किया गया है, जिसमे डेयरी उत्पाद भी शामिल करने का प्रस्ताव है। इस समझौते का किसान पुरजोर विरोध कर रहे हैं। अगर यह समझौता लागू होता है तो देश में दूसरे देशों से भी दूध का आयात किया जा सकता है। किसानों को इस बात का डर है कि न्यूजीलैंड, अमेरिका और यूरोपीय देशों का इस व्यापार पर कब्जा हो जाएगा। ऐसे में भारत में किसानों को जो मूल्य मिल रहा है वह बंद हो जाएगा।












Click it and Unblock the Notifications