Randhir Jaiswal Salary: कौन हैं IFS रणधीर जायसवाल, जो बोले-PoK खाली करे पाकिस्तान, कितनी है इनकी सैलरी?
Randhir Jaiswal Salary: भारतीय विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने आज 13 मई 2025 को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में स्पष्ट शब्दों में कहा कि पाकिस्तान को अवैध रूप से कब्जा किए गए कश्मीर (PoK) को खाली करना ही होगा। उन्होंने दोहराया कि भारत की यह नीति लंबे समय से स्पष्ट रही है और इसमें कोई बदलाव नहीं हुआ है।
जायसवाल ने कहा, "PoK भारत का अभिन्न हिस्सा है। पाकिस्तान को उसे खाली करना होगा। यह भारत की पुरानी और अटल नीति है।" इस बयान के बाद एक बार फिर रणधीर जायसवाल चर्चा में हैं। आइए जानते हैं कौन हैं रणधीर जायसवाल, जो भारत की विदेश नीति का चेहरा बन चुके हैं। साथ ही यह भी जानें कि आखिर भारतीय विदेश सेवा (IFS) के अफसरों को सैलरी कितनी मिलती है?

यह भी पढ़ें- ऑपरेशन सिंदूर की ब्रीफिंग करने वालीं कर्नल सोफिया कुरैशी और विंग कमांडर व्योमिका सिंह की सैलरी कितनी?
अनुभवी राजनयिक हैं रणधीर जायसवाल
रणधीर जायसवाल 1998 बैच के भारतीय विदेश सेवा (IFS) अधिकारी हैं। 3 जनवरी 2024 में उन्होंने विदेश मंत्रालय के आधिकारिक प्रवक्ता का पद संभाला और तभी से वे भारत की विदेश नीति के प्रमुख संचारकर्ता बने हुए हैं। उन्होंने यह जिम्मेदारी वरिष्ठ राजनयिक अरिंदम बागची से ली, जो इस पद से कार्यमुक्त होकर जिनेवा स्थित संयुक्त राष्ट्र कार्यालय में भारत के स्थायी प्रतिनिधि के रूप में नियुक्त किए गए। जायसवाल की नियुक्ति ऐसे समय में हुई जब भारत की विदेश नीति को वैश्विक मंचों पर मजबूती से रखने की आवश्यकता बढ़ रही थी, और उनकी नियुक्ति को एक अनुभवी व विश्वसनीय चेहरे के रूप में देखा गया।

यह भी पढ़ें- ऑपरेशन सिंदूर में भारत का रोज़ाना खर्च कितना था? पाकिस्तान को सबक सिखाने की कीमत चौंकाने वाली!
बिहार के रहने वाले हैं आईएफएस रणधीर जायसवाल
बिहार के मुजफ्फरपुर जिले से आने वाले जायसवाल ने दिल्ली विश्वविद्यालय से इतिहास में स्नातकोत्तर डिग्री हासिल की। उन्होंने पुर्तगाल, क्यूबा, दक्षिण अफ्रीका और न्यूयॉर्क स्थित संयुक्त राष्ट्र मिशन में भारत का प्रतिनिधित्व किया है। न्यूयॉर्क में भारत के महावाणिज्यदूत (2020) रहते हुए उन्होंने कोविड-19 के दौरान भारतीय नागरिकों की वापसी में अहम भूमिका निभाई। इससे पहले वे राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के संयुक्त सचिव सह सामाजिक सचिव थे, जहां वे विदेश मामलों की देख-रेख करते थे।
वैश्विक मंचों पर भारत की आवाज
रणधीर जायसवाल जलवायु परिवर्तन सम्मेलनों में भारत का नेतृत्व कर चुके हैं और 2012 के RIO+20 सम्मेलन में G77 देशों के मुख्य वार्ताकार भी रहे। विदेश मंत्रालय में वे अमेरिका और पश्चिम यूरोपीय देशों के साथ भारत के संबंधों को संभाल चुके हैं। रणधीर जायसवाल का आज का बयान न सिर्फ भारत की सख्त विदेश नीति का प्रतीक है, बल्कि यह भी दर्शाता है कि भारत PoK को लेकर अपने रुख पर अडिग है - और अब यह बात दुनिया के सामने भी उसी दृढ़ता से रखी जा रही है।
Monthly salary of IFS officer?

यह भी पढ़ें- ऑपरेशन सिंदूर में भारत के कुल कितने फौजी शहीद हुए? किसी की जल्द होने वाली थी शादी, कोई था इकलौता बेटा
विदेश पोस्टिंग पर वेतन: विदेश में तैनात IFS अधिकारियों को Special Foreign Allowance मिलता है। यह भत्ता उनके वेतन को करोड़ों रुपये सालाना तक पहुँचा सकता है (स्थान के अनुसार)।
अन्य भत्ते और सुविधाएं: आवास: सरकारी आवास या मकान किराया भत्ता। यात्रा और परिवहन भत्ता।
महंगाई भत्ता (DA)। अवकाश और अन्य सुविधाएं
नोट: वेतन-भत्तों में पोस्टिंग की जगह, अनुभव व पद के अनुसार अंतर हो सकता है।












Click it and Unblock the Notifications