यूपीए से अलग हो सकती है नेशनल कांफ्रेंस

National Conference may split from UPA
नई दिल्‍ली। जैसे जैसे लोकसभा चुनाव आ रहे हैं राजनीतिक समीकरण तेजी से बदल रहे हैं। मिल रही खबरों के मुताबिक यूपीए की सहयोगी पार्टी नेशनल कांफ्रेंस (एनएफ) गठबंधन से अलग हो सकती है। पार्टी के वरिष्‍ठ नेता फारूक अब्‍दुल्‍ला ने इस पर कुछ भी नहीं कहा है, उनका कहना है कि इस विषय पर उमर अब्‍दुल्‍ला ही कुछ कह सकते हैं। बताया जा रहा है कि एनएफ नेता अब अकेले चुनाव लड़ना चाहते हैं।

एनएफ अटल बिहारी वाजपेयी की सरकार में एनडीए की सहयोगी रह चुकी है। अत: यह आकलन लगाये जा रहे हैं कि पार्टी एनडीए की सहयोगी भी बन सकती है, इस तरफ पार्टी का रूझान भी दिखता है, पिछले दिनों अखिल भारतीय कांग्रेस परिषद की बैठक में मणिशंकर अय्यर द्वारा नरेंद्र मोदी पर टिप्‍पणी करने पर एनएफ नेता और जम्‍मू कश्‍मीर के मुख्‍यमंत्री उमर अब्‍दुल्‍ला ने उनका विरोध किया था। मणिंशकर ने बयान दिया था कि मोदी कभी भी देश के प्रधानमंत्री नहीं बन सकते हैं लेकिन अगर वह चाय बेंचना चाहें तो यहां आ सकते हैं। एआईसीसी की बैठक दिल्‍ली के तालकटोरा स्‍टेडियम में हो रही थी।

अभी तक विभिन्‍न चैनलों के आये सर्वे में कांग्रेस को बुरी तरह हारता हुआ दिखाया जा रहा है, ऐसे में चुनाव आने तक यूपीए के कई गठबंधन सहयोगी कांग्रेस का साथ छोड़ सकते हैं। आठ दिसंबर को चार राज्‍यों के विधानसभा चुनाव परिणाम आये, जिसके आधार पर कहा जा रहा है कि नरेंद्र मोदी की बतौर प्रधानमंत्री उम्‍मीदवार जनता में स्‍वीकार्यता हो गयी है, वहीं कांग्रेस, भाजपा को सांप्रदायिक पार्टी कहती आयी है।

आम जनता के बीच नरेंद्र मोदी के बढ़ते कद का प्रभाव राजनीतिक पटल पर दिखाई दे रहा है।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+