Hindenburg Report Row: 'चौकीदार चोर है, वो साबित हो गया', कांग्रेस ने मोदी सरकार को घेरा
Hindenburg Report Row: हिंडनबर्ग रिसर्च की ताजा रिपोर्ट ने विवाद खड़ा कर दिया है, जिसमें आरोप लगाया गया है कि सेबी की चेयरपर्सन माधबी पुरी और उनके पति धवल बुच के पास कथित अडानी धन हेराफेरी घोटाले में इस्तेमाल किए गए ऑफशोर फंड में हिस्सेदारी थी।
जिसके बाद सियासी भूचाल मच गया है। कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने "अडानी मेगा घोटाले" की जांच करने में सेबी की आलोचना की है।

उन्होंने ट्विटर पर अपना बयान जारी करते हुए इस ंमामले की जांच की ंमांग की है, उनका कहना है कि "हिंडनबर्ग खुलासे की भनक सरकार को लग गई थी और शायद यही वजह है कि तीन दिन पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संसद का सत्र समाप्त कर दिया।'
क्रोनी कैपिटलिज्म का सबसे बेहतरीन उदाहरण- महुआ मोइत्रा
तो वहीं तृणमूल कांग्रेस की सांसद महुआ मोइत्रा ने कहा कि "असली अडानी शैली में, सेबी के चेयरमैन भी उनके समूह में निवेशक हैं। क्रोनी कैपिटलिज्म का सबसे बेहतरीन उदाहरण।"
'इन बातों को यहीं नहीं छोड़ा जा सकता'
तो वहीं दिग्गज नेता शशि थरूर ने कहा कि ' ये गंभीर मामला है। मुझे इनके बारे में विस्तृत जानकारी नहीं है लेकिन इसकी जांच होनी चाहिए। इन बातों को यहीं नहीं छोड़ा जा सकता है, ये देश की अस्मिता से जुड़ा मामला है इसलिए इग्नोन करना सही नहीं है।'
'चौकीदार चोर है, वो साबित हो गया'
हिंडनबर्ग रिपोर्ट पर कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने कहा कि "दूध का दूध पानी का पानी अपने आप हो गया। भारत सरकार ने कोई विशेष जांच की तरफ ध्यान नहीं दिया था। हिंडनबर्ग ने ही एक और रिपोर्ट निकाली जिसमें इनका सारे कारनामे सबके सामने आ गए। राहुल गांधी ने कहा था चौकीदार चोर है, वो साबित हो गया।'
हालांकि SEBI अध्यक्ष और उनके पति ने इन आरोपों को निराधार बताते हुए स्पष्ट किया है कि उनका या उनके पति का अदानी समूह या किसी विदेशी इकाई में कोई हिस्सा नहीं है। SEBI ने भी इस मामले की जांच शुरू कर दी है और आश्वासन दिया है कि सच्चाई जल्द ही सामने आ जाएगी।












Click it and Unblock the Notifications