Pulwama Attack: घर के काम में व्यस्त होने के चलते पति का आखिरी कॉल नहीं उठा सकी पत्नी, फिर मिली शहादत की खबर
नई दिल्ली। जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में हुए आतंकी हमले में CRPF के 40 जवान शहीद हो गए। शहादत की खबर सुनकर शहीदों के घरों में कोहराम मच गया। शहीद हुए जवानों में कर्नाटक के रहने वाले एच गुरु भी शामिल हैं। उनकी पत्नी ने पति पर शहादत पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने सरकार से कहा कि उन सभी आतंकियों को वैसे ही मार डालो जैसे उन्होंने मेरे पति को मारा है। शहीद की पत्नी, कविता ने कहा कि उन्हें पति के शहीद होने की खबर रात को 11 बजे के बाद पता चली। रोते हुए उन्होंने बताया, 'मुझे कल मेरे पति का फोन आया था लेकिन मैं इसे उठा नहीं पाई क्यों कि मैं किसी काम में लगी हुई थी। जब मैंने वापस फोन किया तो उनका फोन पहुंच से बाहर आ रहा था। मेरे पास उनसे बात करने का आखिरी मौका था लेकिन मेरी किस्मत भी उतनी ही खराब थी जितनी की मेरे पति की।

मुझे मेरा पति वापस चाहिए
कविता ने आगे कहा, 'मुझे मेरे पति चाहिए। जो लोग सीमाओं की सुरक्षा करते हैं वे ही मरते रहेंगे तो फिर उन्हें उनके घर भेज दीजिए। कम से कम उन्हें अपने परिवारों की देखभाल तो करने दीजिए।' उन्होंने कहा कि गुरु श्रीनगर में थे और उन्होंने बताया नहीं था कि वह पुलवामा जा रहे हैं।

जब उन्हें सुरक्षा की जरूरत थी तो नहीं मिली
बकौल कविता 'वह सीमा की सुरक्षा की उनकी नौकरी के दौरान आने वाली परेशानियों के बारे में बताया करते थे। उन्होंने देश के कई हिस्सों में खराब हालात में काम किया। देश की सुरक्षा करने के लिए मुझे अपने पति पर गर्व है। लेकिन जब उन्हें इसकी जरूरत थी तब उन्हें ही सुरक्षा नहीं मिली।' उन्होंने बार-बार आतंकियों को मारने की मांग की। राज्य के मंत्री सीएस पुट्टाराजू ने शुक्रवार को ऐलान किया कि कविता को सरकारी नौकरी दी जाएगी।

जवानों के नाम जो हुए शहीद
जम्मू और कश्मीर में डोडासनबाला, राजोरी के नसीर अहमद। पंजाब में धर्मकोटा, मोगा के जयमाल सिंह। गंगीविंड, पट्टी, तरनतारन, पंजाब के सुखजिंदर सिंह। धीवा, धरकला, जवाली, कांगड़ा हिमाचल प्रदेश के तिलकराज। गोविंदपुरा वाया खजरौली, शाहपुरा, जयपुर, राजस्थान के रोहिताश लांबा। फरसामा, बनागुटू, बसिया, गुमला, झारखंड के विजय सोरेंग। वसंता कुमार वीवी(कुन्नाथीडावाका लक्कीडी, वायथिरी, वायनाड, केरल),सुब्रमण्यम जी(सबलपेरी, कोविलपट्टी, तामिल नायडू), मनोज कुमार बेहरा(रतनपुर, मधबा, कटक, ओडिसा), गुरू एच(गुडीगिरी, बिधरहल्ली, के एम डोड्डी, मंड्या, कर्नाटक) नारायण लाल गुर्जर (बिनोल, राजसमंद, राजस्थान) शहीद हुए हैं।
वहीं बनथ, शामली, उत्तर प्रदेश के प्रदीप कुमार,हेमराज मीणा(विनोद कलां, विनोद खुर्द, कोटा, राजस्थान), रमेश यादव(तोफापुर, बरेन, सद्दर, वाराणसी, उत्तर प्रदेश), संजय राजपूत (लखानी प्लॉट, 21, बुलधाना रोड, मल्कापुर, बुलधाना महाराष्ट्र), कौशल कुमार रावत(केहराई, आगरा, ताजगंज, प्रताप पुरा, उत्तर प्रदेश), प्रदीप सिंह(अजान, सुखचैनपुर, तेरवा, कन्नौज, उत्तर प्रदेश),श्याम बाबू(राइगवान, नोनारी, डेरापुर, कानपुर देहात, उत्तर प्रदेश), अजित कुमार आजाद(हाउस नंबर 133, 21, लोक नगर उन्नाव, सदर, उत्तर प्रदेश), मनिंदर सिंह अत्री(आर्य नगर, दीनानगर, गुरदासपुर, पंजाब) अश्वनी कुमार काओची(कुदावल, दर्शनी, सिहोरा, जबलपुर, मध्य प्रदेश), राठौड़ नितिन शिवाजी(चोरपंगड़ा, बीबी, लोनर, बलदाना, महाराष्ट्र), वीरेंद्र सिंह(मोहम्मदपुर भूरिया, प्रतापपुर नंबर-4, खटिउमा, उधमसिंह नगर, उत्तराखंड) भी इस हमले में शहीद हुए हैं।












Click it and Unblock the Notifications