गवर्नर ने शिवसेना को सरकार बनाने का दिया न्योता, NCP ने समर्थन के लिए रखी ये शर्तें
नई दिल्ली। महाराष्ट्र में विधानसभा चुनाव के नतीजे आने के बाद अब तक सरकार का गठन नहीं हो पाया है। बीजेपी और शिवसेना के बीच की तानातनी के कारण सरकार गठन पर संकट मंडरा रहा है। तोड़-जोड़ की राजनीति जारी है। इस बीच महाराष्ट्र में एक और सियासी मोड़ आ गया। सरकार बनाने से बीजेपी के इनकार के बाद अब राज्यपाल ने दूसरी सबसे बड़ी पार्टी शिवसेना को सरकार गठन के लिए आमंत्रित किया।

शिवसेना को सरकार बनाने का न्योता
राज्यपाल की ओर से दूसरे बड़ी पार्टी शिवसेना को महाराष्ट्र में सरकार बनाने के लिए पूछा गया है। राजभवन की ओर से पत्र जारी कर शिवसेना से पूछा गया है कि क्या शिवसेना सरकार बनाना चाहती है? इससे पहले राज्यपाल की ओर से बीजेपी से यही बात पूछी गई थी, लेकिन बीजेपी सरकार बनाने में असफल रही। बीजेपी ने राज्यपाल को जानकारी दी कि संख्याबल के कारण वो अकेले सरकार नहीं बना सकते हैं।

महाराष्ट्र में सरकार बनाने पर संकट
दरअसल महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के नतीजों में किसी एक पार्टी को बहुमत नहीं मिला है , जिसकी वजह से सरकार बनाने के लिए गठबंधन की जरूरत है। बीजेपी-शिवसेना गठबंधन को जनता ने बहुमत दिया है, लेकिन दोनों पार्टियों के बीच तालमेल बैठ नहीं रहा है।

NCP ने रखी ये शर्त
वहीं एनसीपी ने शिवसेना को समर्थन देने के सवाल पर कहा कि वो समर्थन तो देगी, लेकिन शिवसेना को एनडीए से अलग होना होगा। एनसीपी नेता नवाब मलिक ने कहा कि 12 नवंबर को पार्टी ने विधायकों की बैठक बुलाई गई है। उन्होंने शिवसेना को समर्थन देने के सवाल पर कहा कि अगर शिवसेना को एनसीपी का समर्थन चाहिए तो उसे एनडीए से नाता तोड़ना होगा, उनके मंत्रियों को मंत्रिपद से इस्तीफा देना होगा। बीजेपी से अपने सभी रिश्ते खत्म करने होंगे।












Click it and Unblock the Notifications