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रेलवे की लापरवाही: 72 घंटों तक ट्रेन के टॉयलेट में पड़ा रहा शव, पटरी पर दौड़ती रही ट्रेन

By Bavita Jha
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    नई दिल्ली। रेलवे की लापरवाही का अंदाजा आप इस बात से लगा सकते हैं कि चलती ट्रेन में 72 घंटों तक एक कारोबारी का शव पड़ा रहा और रेलवे के कर्मचारियों को खबर तक नहीं हुई। कोटा पटना एक्सप्रेस में 72 घंटों तक एक कारोबारी का शव ट्रेन के टॉयलेट में पड़ा रहा और किसी को पता तक नहीं चला। यात्रियों ने जब टॉयलेट के लॉक होने की शिकायत की तब जाकर टॉयलेट का दरवाजा खोला गया और टॉयलेट के भीतर से शव निकाली गई।

     Dead body in Kota Patna Express trains Toilet for more then 72 hours

    पटना-कोटा एक्सप्रेस में 24 मई को कानपुर में सुबह 6:40 बजे कानपुर के संजय अग्रवाल सवार हुए थे। संजय को आगरा जाना था। संजय के बेटे ने उन्हें ट्रेन में बिठाया था। जब उन्हें एसी में सीट नहीं मिली तो वो ट्रेन के स्लीपर कोच में चढ़ गए। लेकिन गर्मी और उमस की वजह से उन्हें काफी बेचैनी हो रही थी। संजय स्लीपर बोगी के टॉयलेट में गए, लेकिन वहां उनकी मौत हो गई।

    ट्रेन के स्लीपर कोच के टॉयलेट में तीन दिन तक संजय की लाश सड़ती रही, लेकिन रेलवे के सफाईकर्मियों को इसके बारे में खबर तक नहीं हुई। ट्रेन पटना से कोटा पहुंची और फिर वापस पटना पहुंची, लेकिन इस बीच ट्रेन की सफाई के दौरान किसी भी सफाईकर्मी ने उस टॉयलेट को खोलने की कोशिश नहीं की। पटना पहुंचने पर लोगों ने टॉयलेट लॉक होने और बदबू की शिकायत की तब जाकर राजेन्ट्र नगर टर्मिनल पर टॉयलेट का दरवाजा तोड़ा गया। लाश पूरी तरह से सड़ चुकी थी। छानबीन की गई तो शव की पहचान कानपुर के आनंदपुरी में मकान नंबर 321 निवासी संजय अग्रवाल के तौर पर हुई।

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    English summary
    Dead body in Kota Patna Express train's Toilet for more then 72 hours

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