यूपी: योगी सरकार के खिलाफ ही धरने पर बैठे भाजपा विधायक, लगाए उत्पीड़न के आरोप
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में बुधवार को विधानसभा के भीतर अजीब सी स्थिति बन गई जब भारतीय जनता पार्टी के विधायक अपनी ही सरकार के खिलाफ धरने पर बैठ गए। इसके बाद बीजेपी विधायकों के साथ विपक्ष के विधायक भी आ गए। उन्होंने अपनी ही सरकार पर उत्पीड़न के आरोप लगाए। हालांकि, शाम 6 बजे के करीब विधायकों ने विधानसभा अध्यक्ष से मिले आश्वासन के बाद धरना खत्म किया।

नंद किशोर गुर्जर को नहीं मिला अपनी बात रखने का मौका
जब विधानसभा का सत्र चल रहा था, गाजियाबाद के लोनी निर्वाचन क्षेत्र के भाजपा विधायक नंद किशोर गुर्जर गाजियाबाद जिला प्रशासन और पुलिस द्वारा कथित उत्पीड़न की बात करने के लिए खड़े हुए थे लेकिन संसदीय कार्य मंत्री सुरेश खन्ना ने उन्हें बैठने के लिए कह दिया। नंद किशोर गुर्जर का आरोप है कि उनको बोलने नहीं दिया गया। उनका कहना है कि गाजियाबाद पुलिस ने उनको प्रताड़ित किया है।

नंद किशोर गुर्जर के साथ आए 100 से अधिक विधायक
इसके बाद नंद किशोर गुर्जर के समर्थन में करीब 100 से अधिक भाजपा विधायक अपने स्थान पर खड़े हो गए। विधायक एकता जिंदाबाद के नारे लगने लगे। देखते ही देखते विपक्ष के सदस्य भी उनके समर्थन में खड़े हो गए। वही, समाजवादी पार्टी के विधायक और यूपी विधानसभा में विपक्ष के नेता राम गोविंद चौधरी ने बीजेपी विधायक का समर्थन किया और आग्रह किया कि उन्हें बोलने दिया जाए। अन्य दलों के विधायकों ने भी इस मांग को उठाया।

विधानसभा स्पीकर के आश्वासन के बाद धरना खत्म
हालांकि, यूपी विधानसभा अध्यक्ष हृदय नारायण दीक्षित ने गुर्जर को बोलने की अनुमति नहीं दी और हंगामे के बाद सदन की कार्यवाही स्थगित कर दी गई। बोलने की अनुमति नहीं दिए जाने से नाराज होकर नंद किशोर गुर्जर सदन के भीतर धरने पर बैठ गए और बाद में कई भाजपा विधायक भी उनके साथ आ गए। सूत्रों के मुताबिक, 100 से अधिक बीजेपी विधायक पार्टी लाइन से अलग जाकर तीन घंटे तक धरने पर बैठे रहे। काफी देर के बाद विधानसभा अध्यक्ष से मिले आश्वासन पर इन विधायकों ने अपना धरना खत्म किया।












Click it and Unblock the Notifications