क्या बेंगलुरू के जिम में महिला के साथ हुए हादसे से है दीपेश भान की मौत का कनेक्शन? जानिये क्या है सच
अपनी हेल्थ पर खूब ध्यान देने वाले, जिम में जमकर कसरत करने वाले दीपेश की अचानक मौत सदमे से कम नहीं है। दीपेश जिम में घंटो पसीना बहाते थे। फिर अचानक एक्टर की मौत ने इन सब बातों पर प्रश्नचिह्न सा लगा दिया।
मुंबई, 28 जुलाई: टेलीविजन के मशहूर शो 'भाभी जी घर पर हैं' के फैंस को उस वक्त तगड़ा झटका लगा, जब सीरियल की शान टीकू टिल्लू और मलखान की शानदार तिकड़ी टूट गई। फैंस को अपनी कॉमेडी से दीवाना बनाने वाले मलखान का यूं अचानक सबको अलविदा कह जाना किसी के भी बर्दाश्त के बाहर है। अपने पीछे बीवी और 18 महीने का मासूम छोड़ सबके चहेते दीपेश ने इस दुनिया को अचानक छोड़ दिया। दीपेश के को-स्टार्स को यकीन ही नहीं हुआ कि उनका साथी चला गया है। आसिफ शेख उर्फ विभूति नारायण मिश्रा की मानें, तो अपनी हेल्थ पर खूब ध्यान देने वाला, जिम में जमकर कसरत करने वाले दीपेश की अचानक मौत सदमे से कम नहीं है। दीपेश जिम में घंटो पसीना बहाते थे। फिर अचानक एक्टर की मौत ने इन सब बातों पर प्रश्नचिह्न सा लगा दिया। अब लोगों के मन में सवाल उठ रहे हैं कि क्या कसरत करने से एक्टर की ऐसी हालत हुई? क्या जिम में घंटों टाइम बिताने के बाद दीपेश की मौत हुई? बेंगलुरू में महिला के साथ जिम में हुए हादसे से एक्टर की अचानक मौत को जोड़कर देखा जा सकता है। आइये एक्टर की मौत से जुड़े कुछ सवालों के जवाब ढूंढते हैं...

शराब से दूर रहते थे दीपेश
एक 41 साल के हट्टे कट्टे एक्टर दीपेश भान की मौत पर अब भी यकीन कर पाना बेहद मुश्किल है। तंबाकू, सिगरेट और मदिरा से दूर हेल्दी लाइफस्टाइल जीने वाले दीपेश को कैसे कोई बीमारी हो सकती है? ये सवाल फैंस के मन में घर कर गया है। सिगरेट शराब ना पीना और हेल्दी लाइफस्टाइल अपनाने से भी लंबी जिंदगी की गारंटी नहीं मिल सकती। लेकिन कोई भी आदत लिमिट में हो, तो शरीर को अच्छा जरूर रखती है। तमाम बीमारियों से बचाए रखती है।

नहीं थी कोई बुरी आदत
दीपेश भान का लाइफस्टाइल बेहद हेल्दी थी। एक्टर जमकर वर्कआउट करते थे। लेकिन एक दिन अचानक एक्टर की मौत की खबर ने सबको झटका दे दिया। दीपेश की मौत का कारण ब्रेन हैमरेज बताया जा रहा है। आसिफ शेख से लेकर कविता कौशिक तक... सबका यही कहना है कि दीपेश ने कभी सिगरेट तक नहीं पी। शरीर को नुकसान पहुंचाने वाली कोई भी बुरी आदत नहीं अपनाई।

मौत पर उठ रहे सवाल
ऐसे में सवाल उठता है कि इतने हेल्दी लाइफस्टाइल के बावजूद एक्टर को ब्रेन हैमरेज की समस्या कैसे हो सकती है? फैंस और एक्टर के को-स्टार्स के मन में बस एक ही सवाल है कि फिट और हेल्दी आदतें अपनाने वाले, शराब को हाथ तक न लगाने वाले दीपेश के साथ ऐसा कैसे हो सकता है?

क्या ओवर एक्सरसाइज बनी वजह?
किसी भी चीज की अति तो बुरी ही होती है। दीपेश के को-स्टार्स की मानें, तो एक्टर जिम में घंटो समय बिताते थे। आसिफ ने बताया कि दीपेश बहुत ज्यादा जिमिंग और रनिंग करते थे। मैंने उनसे कहा भी था कि 40 के बाद उन्हें ये सब कम कर देना चाहिए। उन्होंने जब शुरु किया था, वे काफी फिट थे। मेरे समझाने के बाद भी वे जिम में 3-3 घंटे बिताते थे। और अकसर रात का खाना छोड़ दिया करते थे।

बेंगलुरू की लड़की के साथ हुआ था हादसा
तो क्या हद से ज्यादा एक्सरसाइज दीपेश भान की मौत का कारण बनी? टाइम्स ऑफ इंडिया की एक खबर के मुताबिक, हाल ही में बेंगलुरू से एक खबर आई थी कि जिम में वजन उठाने के दौरान महिला की मौत हो गई। महिला की मौत की वजह हैमरेज बताई गई। इस घटना के बाद डॉक्टर्स ने जिम जाने वाले लोगों को बहुत ज्यादा वजन उठाने को लेकर चेतावनी दी। डॉक्टर्स के मुताबिक जब कोई व्यक्ति ज्यादा वर्कआउट करता है तो ब्लड प्रेशर बढ़ जाता है, जिसके बाद दिमाग में रक्तस्त्राव हो सकता है और मौत तक हो सकती है।

क्या कहते हैं डॉक्टर?
ईटाइम्स से बात करते हुए खार के पीडी हिंदुजा हॉस्पिटल एंड मेडिकल रिसर्च सेंटर के इंटरवेंशनल कार्डियोलॉजी कंसल्टेंट डॉक्टर नीलेश गौतम बताते हैं कि लोगों को ये समझना जरूरी है कि फिट रहने के लिए वे किस तरह की कसरत करते हैं। वेट ट्रेनिंग से ज्यादा हमें एरोबिक एक्सरसाइज की जरूरत होती है। अगर आप वेट ट्रेनिंग कर रहे हैं, तो आप मसल्स बढ़ा रहे हैं, जिससे प्रतिरोध बढ़ रहा है और दिल को ब्लड सर्कुलेट करने की ज्यादा जरूरत पड़ रही है। एरोबक एक्सरसाइज जैसे साइकिल चलाना, टहलना, तैराकी से बॉडी फैट कम होता है मसल्स भी टोन्ड रहती हैं।

सतर्क रहें
उनका कहना है कि युवा लोगों में स्ट्रोक का एक कारण एक्सरसाइज से जुड़ा स्ट्रोक भी हो सकता है। वे कहते हैं कि जो लोग पहले से फिट और खुद को मेंटेन किए हुए है, उन लोगों में भी स्ट्रोक की समस्या आ सकती है। जब हम वेट लिफ्टिंग जैसी एक्सरसाइज करते हैं तो हमारे शरीर के सर्कुलेशन में बहुत सारे बदलाव होते हैं। लेकिन कई लोग, जिन्हें जन्म से कुछ परेशानी हो, उनकी परेशानी और बढ़ सकती है। लोगों को 50 पाउंड से ज्यादा वजन उठाते वक्त सतर्क रहना चाहिए।

इन आदतों को अपनाएं
एक्सरसाइज से जुड़े जोखिम से डरने की बिल्कुल जरूरत नहीं है। जरूरत है, तो व्यायाम करते वक्त सतर्क रहने की। इसके लिए सबसे अच्छा तरीका है कि डिजिटल घड़ियों या पल्स ऑक्सीमीटर के साथ अपनी पल्स की जांच करते रहें। इसके साथ ही डॉक्टर से रेगुलर हेल्थ चेकअप करवाते रहें।











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