Delhi: रिहायशी इमारतों के लिए फायर NOC लेना अनिवार्य, दिल्ली सरकार ने उठाया सख्त कदम
Delhi News: दिल्ली में आग की घटनाओं को नियंत्रित करने के लिए दिल्ली विद्युत नियामक आयोग (DERC) ने सख्त कदम उठाने का निर्णय लिया है। अब 15 मीटर से ऊंची रेजिडेंशियल बिल्डिंग के लिए बिजली कनेक्शन लेने से पहले दिल्ली फायर सर्विस विभाग से अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) लेना अनिवार्य होगा।
डीईआरसी ने अपने बिजली नियामक कानून में बदलाव का प्रस्ताव किया है, जिसमें आम लोगों और स्टेकहोल्डर्स से 8 अगस्त तक सुझाव और आपत्तियां मांगी गई हैं। यह कदम आग की घटनाओं को कम करने के उद्देश्य से उठाया गया है।

फायर एनओसी की अनिवार्यता
डीईआरसी द्वारा तैयार किए गए ड्राफ्ट में प्रावधान है कि बिना स्टिलिट पार्किंग के 15 मीटर से ऊंची और स्टिलिट पार्किंग के साथ 17.5 मीटर से ऊंची रेजिडेंशियल बिल्डिंग के लिए फायर एनओसी लेना जरूरी होगा। जब तक सक्षम अथॉरिटी द्वारा फायर एनओसी प्राप्त नहीं हो जाती, तब तक डिस्कॉम कंपनियां बिजली कनेक्शन नहीं देंगी।
आवेदन के साथ रेजिडेंशियल बिल्डिंग का फायर एनओसी पेश करना अनिवार्य होगा। यह प्रावधान डीईआरसी के विनियमन संख्या 10(8) में किया गया है। इस नियम का पालन न करने पर बिजली कनेक्शन नहीं मिलेगा, जिससे सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित होगा।
सुझाव और आपत्तियों की मांग
डीईआरसी ने मौजूदा नियमों में बदलाव करने को लेकर तैयार किए गए इस ड्राफ्ट को पब्लिश किया है। इसे लागू करने से पहले आम लोगों और स्टेकहोल्डर्स से सुझाव और आपत्तियां मांगी गई हैं। सुझावों पर विचार करने के बाद नियमावली में संशोधन किया जाएगा।
बिजली नियामक ने दिल्ली विद्युत नियामक आयोग (आपूर्ति संहिता और प्रदर्शन मानक) (छठा संशोधन) विनियम, 2024 का मसौदा प्रकाशित किया है। इस ड्राफ्ट में ही संशोधित प्रावधान किए गए हैं, जो आग की घटनाओं को कम करने में मदद करेंगे।
इस नए नियम का उद्देश्य दिल्ली में बढ़ती आग की घटनाओं को नियंत्रित करना है, जिससे नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। डीईआरसी द्वारा उठाए गए ये कदम आग की घटनाओं को रोकने में महत्वपूर्ण साबित होंगे।
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