Bank Locker: SBI के लॉकर से गायब हुई संपत्ति, अब देना होगा 30 लाख रुपए का मुआवजा, जानें क्या है नियम
Bank Locker: SBI के लॉकर से गायब हुई संपत्ति, 30 लाख रुपए का मुआवजा, जानें क्या है नियम
नई दिल्ली। देश के सबसे बड़े सरकारी बैंक स्टेट बैंक ऑफ इंडिया को सर्वोच्च अदालत ने आदेश देते हुए ग्राहक को 30 लाख रुपए का मुआवजा देने को कहा है। सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को फैसला सुनाते हुए एसबीआई को 80 साल के गोपाल प्रसाद महंती को 30 लाख रुपए का मुआवजा देने का आदेश दिया है। दरअसल गोपाल प्रसाद की जीवनभर की संपत्ति SBI के बैंक लॉकर से चोरी हो गई।

जीवन की कमाई बैंक लॉकर से हुई चोरी
झारखंड के बोकारो स्टील सिटी में रहने वाले गोपाल प्रसाद ने अपनी पूरी जिंदगी की कमाी बैंक के लॉकर में रखी थी। एसबीआई के लॉकर में उन्होंने कैश, गहने, कीमत सामान रखा था, लेकिन 25 दिसंबर 2017 को बैंक में हुई चोरी के कारण लॉकर से उनकी जमापूंजी भी गायब हो गई। अपनी कमाई को वापस पाने के लिए गोपाल प्रसाद लगातार बैंक के चक्कर काटते रहे, लेकिन बैंक उनकी सुनने को तैयार नहीं था। फिर उन्होंने राष्ट्रीय उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग का दरवाजा खटखटाया। एनसीडीआरसी ने गोपाल प्रसाद के हक में फैसला सुनाते हुए बैंक पर 30 लाख का जुर्माना लगाया , लेकिन बैंक इस फैसले के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया।

सुप्रीम कोर्ट ने सुनाया फैसला
सुप्रीम कोर्ट ने भी एसबीआई को झटका दिया और ग्राहक के हक में फैसला सुनाया। सुप्रीम कोर्ट ने बैंक को 30 लाख रुपए मुआवजे के तौर पर ग्राहक गोपाल प्रसाद को देने का आदेश दिया है। जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस एएस ओका की बेंच ने बैंक को फटकार लगाते हुए कहा कि बुजुर्ग ने आप पर भरोसा करते हुए अपनी जिंदगी भर की कमाई जमा की थी।

क्या है बैंक लॉकर का नियम
आरबीआई ने हाल ही में बैंक लॉकर से जुड़ जरूरी नियमों में बदलाव किया है। बैंक लॉकर के नियम के मुताबिक लॉकर्स में चोरी होने की स्थिति में बैंक ग्राहकों को लॉकर किराए का 100 गुना मुआवजा देगा। आपको बता दें कि इससे पहले बैंक लॉकर से चोरी होने पर अपना पल्ला झाड़ लेते थे, लेकिन आरबीआई ने ग्राहकों के हक में नियम में बदलाव किया है। आरबीआई ने बैंक को निर्देश दिया है कि वो ग्राहकों को लॉकर एक्सेस के बारे में SMS और ईमेल के जरिए जानकारी देनी होगी।

बैंकों पर सख्ती
आरबीआई के नए नियम के मुताबिक आप जब भी अपना लॉकर एक्सेस करेंगे तो आपको एसएमएस, ईमेल के जरिए अलर्ट आएगा। इतना ही नहीं बैंकों को लॉकर रूम में आने-जाने वालों की अब सीसीटीवी से निगरानी रखनी होगी।
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