Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

Union Budget 2026: कौन बनाता है देश का बजट, क्या होती है प्रक्रिया? जानें पर्दे के पीछे की पूरी कहानी

Union Budget: नया साल शुरू होते ही देशभर की निगाहें केंद्र सरकार के आगामी यूनियन बजट 2026 (Union Budget 2026) पर टिक गई हैं। सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि इस बार भी परंपरा को कायम रखते हुए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 1 फरवरी को ही देश का बजट पेश करेंगी।

इस घोषणा ने उन सभी अटकलों पर विराम लगा दिया है जिनमें 1 फरवरी को रविवार होने के कारण तारीख बदलने की बात कही जा रही थी। बजट सत्र का आगाज 28 जनवरी से होने जा रहा है, जिसमें राष्ट्रपति का अभिभाषण और आर्थिक सर्वे जैसे महत्वपूर्ण पड़ाव शामिल होंगे।

Union Budget

आम जनता से लेकर बड़े उद्योगपतियों तक, हर कोई यह जानने को उत्सुक है कि इस बार सरकार के पिटारे से टैक्स राहत और विकास योजनाओं के रूप में क्या निकलने वाला है।

ये भी पढ़ें: Railway Budget 2026: कैसा होगा रेलवे बजट? कितना पैसा खर्च करेगी सरकार? बुलेट ट्रेन-वंदे भारत पर मास्टरप्लान

Budget 2026: बजट सत्र का पूरा शेड्यूल, कब क्या होगा?

संसद के आगामी बजट सत्र के लिए तारीखों का औपचारिक एलान हो चुका है। पूरा कार्यक्रम इस प्रकार है:

28 जनवरी: बजट सत्र की शुरुआत होगी। पहले दिन राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू संसद के दोनों सदनों की संयुक्त बैठक को संबोधित करेंगी।

29 जनवरी: सरकार संसद में आर्थिक सर्वे (Economic Survey) पेश करेगी। इसमें पिछले एक साल में देश की आर्थिक प्रगति और चुनौतियों का विस्तृत ब्यौरा होगा।

1 फरवरी: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण अपना लगातार आठवां बजट पेश कर इतिहास रचेंगी। रविवार होने के बावजूद इसी दिन बजट घोषणाएं की जाएंगी।

Union Budget: कैसे बनता है देश का बजट?

बजट पेश करना भले ही एक दिन का कार्यक्रम हो, लेकिन इसे तैयार करने की प्रक्रिया करीब चार महीने पहले ही शुरू हो जाती है। यह पूरी जिम्मेदारी वित्त मंत्रालय के 'बजट डिवीजन' की होती है।

  • खर्च का हिसाब: सबसे पहले बजट डिवीजन सभी केंद्रीय मंत्रालयों और विभागों से उनके अगले वित्त वर्ष की योजनाओं और अनुमानित खर्च का ब्यौरा मांगता है।
  • हितधारकों से संवाद: बजट केवल सरकारी आंकड़ों का खेल नहीं है। सरकार इसमें आम जनता, अर्थशास्त्रियों, ट्रेड यूनियनों, किसान संगठनों और बड़े औद्योगिक निकायों (जैसे FICCI, CII) की राय और उनकी अपेक्षाओं को भी शामिल करती है।
  • प्रधानमंत्री की अंतिम मुहर: जब वित्त मंत्रालय पूरी रूपरेखा तैयार कर लेता है, तो वित्त मंत्री इसे प्रधानमंत्री के समक्ष प्रस्तुत करती हैं। प्रधानमंत्री की हरी झंडी मिलने के बाद ही बजट को अंतिम रूप दिया जाता है।

Budget 2026: 1 फरवरी को लेकर क्यों था सस्पेंस?

आमतौर पर शनिवार या रविवार को संसद की छुट्टी होती है, लेकिन बजट के मामले में नियम अलग हैं। इस साल 1 फरवरी को रविवार पड़ रहा है, फिर भी सरकार ने साफ किया है कि आर्थिक स्थिरता और संवैधानिक परंपरा के पालन के लिए बजट तय समय पर ही पेश किया जाएगा। यह बजट सरकार की भविष्य की आर्थिक नीतियों, नए टैक्स स्लैब और रोजगार सृजन की योजनाओं के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

बजट तैयार करने के अंतिम चरण में वित्त मंत्रालय में 'हलवा सेरेमनी' आयोजित की जाती है, जिसके बाद बजट से जुड़े अधिकारी बाहरी दुनिया से पूरी तरह कट जाते हैं ताकि गोपनीयता बनी रहे।

ये भी पढ़ें: Budget 2026: बड़ा सवाल! क्या खत्म हो जाएगी Old Tax Regime? कितनी कमाई पर लगेगा कितना टैक्स?

More From
Prev
Next
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+