पाकिस्तान में बाढ़ से 40 लाख लोग बेघर
समाचार एजेंसी डीपीए के मुताबिक संयुक्त राष्ट्र अधिकारियों का कहना है कि लाखों विस्थापित लोग खुले आकाश के नीचे रह रहे हैं और उन्हें न तो पीने का शुद्ध पानी मिल रहा है और न ही उनके पास पर्याप्त भोजन है।
संयुक्त राष्ट्र के प्रवक्ता मॉरिजियो ग्विलियानो का कहना है, "हमारा अनुमान बताता है कि सिंध और पंजाब के 40 लाख लोगों के सिर पर अब भी छत नहीं है।" बाढ़ में पाकिस्तान का दक्षिणी और मध्य हिस्सा बुरी तरह प्रभावित हुआ है।
इस बीच कराची में एक राहत शिविर में रह रहे प्रभावितों में से कम से कम तीन बच्चों की संक्रमित पानी पीने से मृत्यु हो गई है। एक सहायताकर्मी ने गुरुवार को यह जानकारी दी।
इन मौतों के बाद सहायता एजेंसियों को डर है कि और बच्चे भी जल-जनित बीमारियों और बाढ़-संबंधी अन्य बीमारियों से ग्रस्त हो सकते हैं।
एक स्थानीय संगठन, ईधी के प्रवक्ता कमर अब्बास कहते हैं, "अशुद्ध जल से होने वाली एक बीमारी के चलते शिविर में तीनों बच्चों की आंत या पेट में संक्रमण होने के कारण मौत हो गई।"
अब्बास ने बताया कि इन बच्चों में ढ़ाई से छह वर्ष की दो लड़कियां और एक लड़का था।
उधर, संयुक्त राष्ट्र महासचिव बान की-मून ने बाढ़ पर चर्चा के लिए गुरुवार को संयुक्त राष्ट्र महासभा की बैठक बुलाई है।
पिछले सप्ताह संयुक्त राष्ट्र ने पाकिस्तान को 46 करोड़ डॉलर की तुरंत सहायता उपलब्ध कराने के लिए विश्व समुदाय से अपील की थी, लेकिन दानकर्ताओं की ओर से इस पर उत्साहजनक प्रतिक्रिया नहीं आई।
दरअसल पाकिस्तान में सहायता राशि के इस्तेमाल में पारदर्शिता एक बड़ा मुद्दा है और विश्व समुदाय सहायता राशि के दुरुपयोग को लेकर आशंकित है।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।












Click it and Unblock the Notifications