सीबीएसई 10वीं में लड़कियों ने फिर बाजी मारी (राउंडअप)

परीक्षा परिणामों में पहली बार ग्रेडिंग प्रणाली की शुरुआत करने वाले बोर्ड का कहना है कि 88.30 प्रतिशत लड़कों के मुकाबले 90.68 फीसदी लड़कियों ने दसवीं में सफलता हासिल की है।

इस साल कुल 88,6338 छात्रों ने 10वीं की परीक्षा दी थी। इनमें 522,107 लड़के और 364,231 लड़कियां शामिल थीं।

इस बार नतीजे प्रतिशत में घोषित किए जाने की बजाए ग्रेड्स में घोषित किए गए हैं। छात्रों को नौ अंकों के एक पैमाने के आधार पर विभिन्न ग्रेड्स (श्रेणियों) में रखा गया है। इसमें ए1 से लेकर डी तक की ग्रेड्स हैं। परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन पर ए1 ग्रेड, असंतोषजनक प्रदर्शन पर ई2 ग्रेड दिया गया है जबकि न्यूनतम अंकों से परीक्षा में सफल छात्रों को डी ग्रेड मिला है।

जिन छात्रों ने परीक्षा उत्तीर्ण करते हुए डी या इससे ऊपर के ग्रेड प्राप्त किए हैं उन्हें योग्यता प्रमाण-पत्र दिए गए हैं।

इक्यानवे प्रतिशत से अधिक अंक हासिल करने वालों को ए1 श्रेणी में रखा गया है। इसी तरह बी1 में 81 से 90 प्रतिशत अंक हासिल करने वाले हैं। डी में 33 से 40 प्रतिशत अंक प्राप्त करने वाले और ई1 व ई2 में 33 प्रतिशत से कम अंक हासिल करने वालों को रखा गया है।

इस बार नतीजों में छात्रों द्वारा प्राप्त सटीक अंकों का खुलासा नहीं हुआ है इसलिए औसत अंक निकालने के लिए इन अंकों को 9.5 से गुणा किया जा सकता है। इस तरह ए1 ग्रेड में औसतन 95, ए2 में 85.5, बी1 में 76, बी2 में 66.5, सी1 में 57, सी2 में 47.5 और डी ग्रेड में औसतन 38 प्रतिशत अंक के बराबर होंगे।

सीबीएसई प्रवक्ता रमा शर्मा ने कहा कि छात्रों के सफल या असफल रहने का सिलसिला बंद हो गया है। इसके स्थान पर उन्हें योग्यता प्रमाण-पत्र या परिणाम देकर बताया जाएगा कि वे सुधार के योग्य हैं।

शर्मा ने बताया कि चेन्नई क्षेत्र के नतीजे सबसे अच्छे रहे। वहां 96.18 प्रतिशत छात्रों ने योग्यता प्रमाण-पत्र हासिल किए हैं।

देश के सभी स्कूलों की तुलना में स्वशासी जवाहर नवोदय विद्यालय (जेएनवी) के नतीजे सबसे अच्छे रहे, यहां 98.54 छात्रों ने योग्यता प्रमाण-पत्र हासिल किए। दूसरा स्थान केंद्रीय विद्यालयों का रहा, वहां 96.87 प्रतिशत छात्रों को योग्यता प्रमाण-पत्र मिलेंगे।

इस साल शासकीय स्कूलों में परीक्षा परिणाम 80.01 प्रतिशत रहा जबकि शासकीय सहायता प्राप्त स्कूलों में यह आंकड़ा 80.65 प्रतिशत रहा।

इलाहाबाद क्षेत्र के नतीजे :

सीबीएसई की इलाहाबाद क्षेत्र की परीक्षा में भी एक बार फिर लड़कियों ने बाजी मारी है। इस बार कुल 89.52 फीसदी परीक्षार्थी उत्तीर्ण हुए हैं। घोषित नतीजों में 88.20 प्रतिशत छात्रों के मुकाबले 91.99 फीसदी छात्राएं उत्तीर्ण हुई हैं।

सीबीएसई इलाहाबाद क्षेत्र के तहत छह राज्य पश्चिम बंगाल, बिहार, झारखण्ड, उड़ीसा, उत्तराखण्ड और उत्तर प्रदेश आते हैं।

सीबीएसई इलाहाबाद के क्षेत्रीय कार्यालय की तरफ से इलाहाबाद में शुक्रवार को जारी प्रेस विज्ञप्ति में बताया गया कि इस साल कुल 2,47,508 संस्थागत परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल हुए थे, जिनमें छात्रों की संख्या 1,61,342 और छात्राओं की संख्या 86,166 थी।

सभी छह राज्यों में उड़ीसा ने अपनी बादशाहत कायम की है। यहां 10,804 परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी, जिसमें सबसे अधिक 95.49 फीसदी यानी 10,317 परीक्षार्थी उत्तीर्ण रहे।

पश्चिम बंगाल के 13,745 परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल हुए, जिसमें से 91.77 प्रतिशत यानी 12, 614 परीक्षार्थी कामयाब रहे।

झारखण्ड में परीक्षा में शामिल 29,766 परीक्षार्थियों में 27,214 यानी 91.43 फीसदी सफल रहे। बिहार में 49,575 परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी, जिसमें से 91.20 फीसदी यानी 45214 कामयाब रहे।

उत्तर प्रदेश के 1,20,103 छात्र परीक्षा में शामिल हुए थे, इनमें से 87.90 प्रतिशत यानी 1,05,575 छात्र सफल रहे। उत्तराखण्ड में कुल 23,515 परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल हुए जिसमें से 87.77 प्रतिशत छात्र यानी 20,640 परीक्षार्थी ही कामयाबी हासिल कर पाए।

इंडो-एशयिन न्यूज सर्विस।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+