जामिया हमदर्द ने NEET काउंसलिंग के बीच क्यों रद्द की MBBS- PG कोर्स की सीट? मेडिकल स्टूडेंट्स को लगा बड़ा झटका!
Jamia Hamdard Pulls MBBS-PG Seats: दिल्ली में मेडिकल की पढ़ाई का सपना देखने वाले छात्रों के लिए यह खबर किसी झटके से कम नहीं है। जामिया हमदर्द यूनिवर्सिटी, जो बीते कुछ वर्षों में राजधानी के प्रमुख मेडिकल संस्थानों में शुमार रही है, अब MBBS और PG कोर्स में दाखिले नहीं लेगी। यूनिवर्सिटी ने शैक्षणिक सत्र 2025-26 के लिए अपनी सभी मेडिकल सीटें 150 MBBS और 49 PG वापस ले ली हैं।
जामिया हमदर्द यूनिवर्सिटी के इस फैसले के पीछे कॉलेज से जुड़ी आर्थिक गड़बड़ियां, बाहरी हस्तक्षेप और प्रशासनिक अव्यवस्थाएं बताई गई हैं। इससे न केवल छात्र निराश हैं, बल्कि राजधानी में मेडिकल एजुकेशन की साख पर भी सवाल उठने लगे हैं। यह निर्णय उस वक्त आया है जब 21 जुलाई से नीट काउंसलिंग शुरू हो गई है।

विवादों में घिरा HIMSR मेडिकल कॉलेज
यह फैसला हमदर्द इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज़ एंड रिसर्च (HIMSR) से जुड़े विवादों और गड़बड़ियों के चलते लिया गया है। HIMSR, जामिया हमदर्द के अंतर्गत चलने वाला मेडिकल कॉलेज है। राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग (NMC) द्वारा जारी सीट मैट्रिक्स में HIMSR के लिए 0 सीटें दिख रही हैं, यानी इस साल यहां कोई एडमिशन नहीं होगा।
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विश्वविद्यालय ने खुद हटाई मान्यता
6 जून को NMC को भेजे गए पत्र में जामिया हमदर्द के रजिस्ट्रार ने बताया कि कुछ बाहरी लोगों के दखल के कारण यूनिवर्सिटी अब HIMSR की प्रवेश प्रक्रिया और पोर्टल पर नियंत्रण नहीं रख पा रही है। इसी कारण यूनिवर्सिटी ने MBBS और PG सीटों की मान्यता से खुद को अलग कर लिया।
कुलपति ने कॉलेज प्रबंधन पर जताई नाराजगी
जामिया हमदर्द के कुलपति प्रो. मोहम्मद अफशर आलम ने कहा कि उन्होंने HIMSR को कई बार यूजीसी के नियमों का पालन करने को कहा, लेकिन कॉलेज प्रबंधन ने इन्हें नजरअंदाज कर दिया। उन्होंने कहा कि यूनिवर्सिटी छात्रों के भविष्य को लेकर गंभीर है और अब न्यायालय से उचित समाधान की उम्मीद है।
CAG रिपोर्ट में सामने आई आर्थिक गड़बड़ी
HIMSR और उससे जुड़े HAH अस्पताल में भारी वित्तीय अनियमितताओं की बात सामने आई है। CAG की रिपोर्ट के अनुसार, 2011 से 2023 के बीच करीब 813 करोड़ रुपये हमदर्द एजुकेशन सोसाइटी को ट्रांसफर किए गए, जो यूजीसी के नियमों के खिलाफ है। इसे संसाधनों का दुरुपयोग और छात्रों व स्टाफ के हितों के खिलाफ बताया गया है।
कोर्ट में पहुंचा मामला
इन गंभीर आरोपों के बाद जामिया हमदर्द यूनिवर्सिटी ने दिल्ली हाई कोर्ट में याचिका दाखिल की है। याचिका में कहा गया कि कॉलेज की वेबसाइट और डॉक्यूमेंट्स का गलत इस्तेमाल किया गया है। कोर्ट ने केंद्र सरकार और स्वास्थ्य मंत्रालय के अधिकारियों की उपस्थिति में सुनवाई करते हुए तय किया कि HIMSR की कोई भी सीट नीट काउंसलिंग में शामिल नहीं की जाएगी।
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