हरियाणा: स्वामित्व योजना के लिए दुकानदार अगले तीन माह तक पोर्टल पर कर सकते हैं आवेदन, मनोहर सरकार ने दी राहत
चंडीगढ़, 9 जुलाई। स्वामित्व योजना में आवेदन करने से वंचित रहने वाले दुकानदारों को सरकार ने राहत दी है। स्वामित्व योजना के तहत नगर निगम की 20 वर्ष से किराए एवं लीज या फिर तहबाजारी पर दुकान लेने वालो को मालिकाना हक दिलाने के लिए मुख्यमंत्री मनोहरलाल ने योजना शुरू की थी। पहले योजना में आवेदन के लिए अंतिम तिथि 31 मई तक थी। अब हरियाणा शहरी स्थानीय निकाय विभाग ने नगर निकाय की दुकानों-घरों की बिक्री नीति खंड-5 के तहत स्वामित्व योजना की अवधि बढ़ाई है।

किन्हीं कारणों से आवेदन न करने वाले 30 सितंबर तक यह राहत मिलेगी और वह आवेदन कर सकेंगे। नगर निगम के आयुक्त डा. नरहरि बांगड़ ने बताया कि दुकानदारों, नगर निगम के किराएदारों को मालिकाना हक लेने के लिए मुख्यमंत्री शहरी स्वामित्व योजना पोर्टल पर आनलाइन आवेदन किए जा सकते हैं। वहीं, आयुक्त ने अपील की है कि शहरी स्थानीय निकाय विभाग की साइट पर आवेदन करते समय जल्दबाजी न करें। दुकानदारों से अपील करते हुए कहा कि दुकान की मलकियत से संबंधित सभी दस्तावेज एकत्रित करने के उपरांत ही अपने नजदीकी सेवा केंद्र से आवेदन करें, आवेदन करने के लिए परिवार पहचान पत्र अनिवार्य हैं।
मुख्यमंत्री शहरी निकाय स्वामित्व योजना के लिए पोर्टल पर आनलाइन करने से वंचित रह गए दुकानदारों को बड़ी राहत दी है। आवेदन से वंचित दुकानदार अब अगले तीन माह तक फिर से पोर्टल पर आवेदन कर सकेंगे। शहरी स्थानीय निकाय विभाग ने पोर्टल खोला है। इसमें योजना से वंचित रहने वालों की मांग पर यह पोर्टल खोल दिया है। अभी तक 547 में से 293 ने ही आवेदन किया था। इसलिए शेष वंचितों को मौका फिर से मौका दिया गया है।
स्वामित्व योजना में मालिकाना हक पाने की अड़चनें दूर नहीं हो रही हैं। बीते साल आनलाइन आवेदन के लिए सरकार ने पोर्टल खोला गया था। आवेदन के बाद शर्त के हिसाब से अधिकतर दुकानदारों ने पहली किश्त के तौर पर 25-25 प्रतिशत शुल्क जमा करा दिया। लेकिन डिमांड नोटिस न मिलने के कारण बैंकों ने ऋण देने से ही इन्कार कर दिया है। दुकानदारों को जो पत्र निगम ने जारी किए हैं उन्हें भी बैंकों के अधिकारी ऋण देने के लिए आधिकारिक नहीं मान रहे।












Click it and Unblock the Notifications