अखिलेश ने वाराणसी डीएम का पत्र किया ट्वीट, सपा बोली- भाजपा ने पीएम का भाषण सुनने के लिए डॉक्टरों को किया मजबूर
वाराणसी, 26 अक्टूबर। 25 अक्टूबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी वाराणसी के दौरे पर आए। यहां उन्होंने स्वास्थ्य योजना का शुभारंभ किया और अन्य कई परियोजनाओं का उद्घाटन किया। इस दौरे को लेकर समाजवादी पार्टी ने वाराणसी डीएम कौशल राज शर्मा के उस पत्र को ट्वीट कर भाजपा पर हमला बोला है जिसमें स्वास्थ्यकर्मियों से केंद्र पर आवश्यक रूप से उपस्थित रहने को कहा गया है। सपा के मुताबिक, पत्र में डीएम ने स्वास्थ्यकर्मियों को केंद्रों पर टीवी समेत अन्य साधनों का इंतजाम करने के लिए भी निर्देशित किया ताकि प्रधानमंत्री का भाषण वो सुन सकें। समाजवादी पार्टी ने आलोचना करते हुए कहा कि अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को कोई सुनना नहीं चाहता इसलिए भाजपा सरकारी अधिकारियों का इस्तेमाल कर सरकारी कर्मचारियों को उनका भाषण सुनने के लिए मजबूर कर रही है।
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सपा प्रवक्ता ने कहा- भाजपा में घबराहट है...
डीएम कौशल राज शर्मा के पत्र के बारे में बताते हुए सपा प्रवक्ता मनोज राय धूपचंडी ने कहा कि जब प्रधानमंत्री को सुनने वाले लोग नहीं मिल रहे हैं तो सरकारी अधिकारियों को आगे करके जबर्दस्ती सरकारी कर्मचारियों को उनका भाषण सुनवाया जा रहा है। वे सरकारी कर्मचारी भी जानते हैं कि प्रधानमंत्री जन की बात नहीं करते हैं, अपने मन की बात करते हैं इसलिए यह हालात हो गए कि डीएम को ऐसा पत्र जारी करना पड़ा जिसमें स्वास्थ्यकर्मियों को कहा गया कि आप अपने स्तर से पीएचसी, सीएचसी पर टीवी का इंतजाम करें, साथ ही डॉक्टरों से कहा गया कि प्रधानमंत्री का भाषण सुनें। इससे पता चलता है कि भाजपा में घबराहट है कि उनकी सरकार जा रही है।

अखिलेश ने किया इस पत्र को ट्वीट
समाजवादी पार्टी के डिजिटल मीडिया कोऑर्डिनेटर मनीष जगन अग्रवाल के ट्वीट को अखिलेश यादव ने रिट्वीट किया है। इस ट्वीट में वाराणसी डीएम कौशल राज शर्मा का वो पत्र भी है जिसमें स्वास्थ्यकर्मियों को प्रधानमंत्री के दौरे से संबंधित निर्देश दिए गए हैं। सपा नेता मनीष जगन अग्रवाल ने इस ट्वीट में लिखा कि भाषण सुनने के लिए बाकायदा फरमान जारी किया जा रहा, इसका मतलब भाषण सुनते सुनते लोग पक चुके हैं, अब मन की बात सुनाने का समय गया, अब तो भाजपा के सत्ता से बाहर होने का समय आ गया है!













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