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World water day: देवभूमि भी देख रही पानी की किल्लत, निपटने के लिए करना होगा यह काम

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देहरादून: वैसे को धरती पर 71 फीसदी पानी है, लेकिन अगर काम की बात करें तो सिर्फ 3 प्रतिशत पानी ही हमारे पीन के योग्य है। वहीं भारत की बात करें तो पूरा देश पानी की किल्लत से जूझ रहा है। जल स्त्रोत सूख रहे है और भूजल स्तर लगातार गर्त में जा रहा है, जिससे उत्तराखंड भी अछूता नहीं है। विश्व जल दिवस पर आज हम बात करेंगे उत्तराखंड में पानी की समस्या की, जो वक्त से साथ और गहराती जा रही है।

rain water harvesting

सबको पता है जल ही जीवन है और इस जीवन के लिए आपको पानी की संरक्षण करना होगा। व्यर्थ बह रहे जल को बचाने की आदत डालनी होगी। नहीं तो पानी को लेकर वर्तमान से ज्यादा भयानक भविष्य की तस्वीर होने वाली है। ऐसे में अब वक्त आ गया है कि प्राकृतिक स्रोतों और भूजल के भरोसे न बैठकर रेन वाटर हार्वेस्टिंग यानी बारिश के पानी को एकत्र करने का काम करें। जिससे हम काफी हद तक इस समस्या का सामना कर सकेंगे।

देवभूमि में करीब 2.6 लाख प्राकृतिक जल स्रोत हैं। प्रदेश की 90 फीसद पेयजल सप्लाई इन्हीं सोर्स से की जाती है। लेकिन अब इनकी क्षमता भी लगातार घटती जा रही है और उसका मुख्य कारण है वाटर रिचार्ज का नहीं होना। इसके अलावा ग्राउंडवाटर (भूजल) का इस्तेमाल का ग्राफ भी लगातार बढ़ रहा है, जिसके कारण प्रदेश में पानी की किल्लत की स्थिति पैदा हो रही है। हालात यह है कि वर्तमान में 30 फीसद ग्रामीण और 50 फीसद शहरी क्षेत्रों में जलसंकट मंडरा रहा है, जिसका सबसे ज्यादा खामियाजा पहाड़ी इलाका भुगत रहा है।

वहीं बारिश की बात करें तो प्रदेश में पूरे देश की तुलना में औसत वर्षा से ज्यादा बरसात होती रही है। उत्तराखंड बारिश का औसत आंकड़ा 1400 मिमी के पास है। लेकिन पिछले तीन साल में यहां 10 से 20 फीसद की बारिश में कमी देखी गई है। भूजल के गिरते स्तर और पानी के संकट से निपटने के लिए रेन वाटर हार्वेस्टिंग सबसे बेहतर विकल्प है।

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    सरकार भी इसको लेकर गंभीर नजर आ रही है और सरकारी और निजी भवनों में प्रभावी ढंग से लागू करने की योजना पर काम कर रही है। जल संस्थान प्रबंध निदेशक नीलिमा गर्ग की मानें तो रेन वाटर हार्वेस्टिंग ही इसका एक विकल्प है, जो इस समस्या से राहत दे सकता है। प्रशासन भी सरकार से मिले निर्देशों के अनुसार काम करने में जुटी हुई है। अब तक 32 सरकारी भवनों में वाटर हार्वेस्टिंग लगाया जा चुका है। वहीं जैसे और आदेश मिलेंगे उसके मुताबिक काम किया जाएगा।

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    English summary
    world water day 2021 rain water harvesting alternative to water conservation
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