Uttarakhand: तपोवन की टनल का प्रवेश द्वार हुआ साफ, फंसे मजदूरों तक जल्द पहुंच सकती है सेना
भारतीय सेना ने कहा है कि तपोवन स्थिति टनल के प्रवेश द्वारा से सारा मलवा साफ कर लिया गया है और अब टनल के अंदर जाने का रास्ता साफ हो गया है।
देहरादून: उत्तराखंड के चमोली में ग्लेशियर टूटने के बाद आई भयानक बाढ़ के बाद वहां राहत और बचाव कार्य में लगी भारतीय सेना ने कहा है कि तपोवन स्थिति टनल के प्रवेश द्वारा से सारा मलवा साफ कर लिया गया है और अब टनल के अंदर जाने का रास्ता साफ हो गया है। उन्होंने कहा, "अब हम टनल के अंदर फंसे मजदूरों से कुछ ही दूरी पर हैं।" सेना ने ट्वीट कर कहा, "इंजीनियरिंग टास्क फोर्स सहित सेना के कर्मियों के अथक प्रयासों के बाद, सुरंग का मुंह साफ किया गया। जनरेटर और सर्च लाइट लगाकर रात भर क्रेनों के साथ काम जारी रखा गया। क्षेत्रीय अस्पताल घटना स्थल पर चिकित्सा सहायता प्रदान कर रहे हैं।"
Recommended Video

आपको बता दें कि इस टनल में लगभग 30 मजदूरों के फंसे होने की आशंका है। भारतीय सेना के जवानों ने इस टनल को साफ करने के लिए पूरी रात सफाई का काम जारी रखा। टनल में भारी मात्रा में मलबा जमा हो गया था। आईटीबीपी की टीमों को 1,500 मीटर लंबी सुरंग को साफ करते हुए देखा गया था। सेना के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि टनल के सही रास्ते का पता लगाने के लिए नक्शे का सहारा लिया गया है।
यह भी पढ़ें: इन 10 तस्वीरों में देखिए तबाही का खौफनाक मंजर, उत्तराखंड में ग्लेशियर टूटने से आई त्रासदी
उन्होंने कहा कि टनल का केवल एक ही प्रवेश द्वार है। टनल के पास ITBP बचाव दल को लकड़ी के तख्तों को ले जाते हुए देखा गया, जिसका उपयोग फंसे हुए लोगों को रस्सियों से खींचने के लिए एक मंच बनाने के लिए किया जाएगा।
इसके अलावा टनल में फंसे लोगों का पता लगाने के लिए सैन्य कुत्तों का भी सहारा लिया जा रहा है। भारतीय सेना के कहा कि, दिन निकलने से पहले भारतीय वायु सेना के हेलीकॉप्टरों को बचाव टीमों की प्रविष्टि के लिए लगाया गया था। उच्च इलाकों में हिमस्खलन के खतरे का पता लगाने के लिए सेना का अभियान जारी है।












Click it and Unblock the Notifications