UP Mausam update: बिजली, बारिश और ओलों का खतरा मंडराया, यूपी के इतने जिलों में मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट

UP Mausam update: उत्तर भारत के लोगों के लिए राहत भरी खबर है। मई की शुरुआत के साथ ही मौसम के तेवर नरम पड़ने वाले हैं। लू और तेज धूप से जूझ रहे उत्तर प्रदेश समेत कई राज्यों में एक बार फिर बादल बरसने को तैयार हैं। मौसम विभाग के मुताबिक, 1 मई से लेकर 5 मई तक आंधी-तूफान और बारिश का दौर चलेगा।

पिछले 24 घंटे में पूर्वी और मध्य भारत में 60 से 90 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाओं का दौर चला। अब यह सिलसिला आगे भी जारी रहेगा। खासतौर पर यूपी के जिलों में गरज-चमक के साथ तेज हवाएं चलेंगी और हल्की से मध्यम बारिश का अनुमान है। इससे आम लोगों को भीषण गर्मी से काफी हद तक राहत मिल सकती है।

UP Mausam update north india

मौसम विभाग का कहना है कि इन झोंकेदार हवाओं की रफ्तार 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। साथ ही बारिश और तेज हवाओं के कारण अधिकतम तापमान में और गिरावट दर्ज होने की संभावना है। यानी आने वाला हफ्ता सर्दी की हल्की फुहारों और ठंडी हवाओं के साथ गुजर सकता है।

बेमौसम बारिश के पीछे क्या है कारण?

आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र, लखनऊ के वरिष्ठ वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह के मुताबिक, इस बार की बेमौसम बारिश का कारण राजस्थान के ऊपर बना शुष्क रेखा क्षेत्र है, जो केरल तक फैला हुआ है। इसका प्रभाव उत्तर प्रदेश समेत पूरे उत्तर भारत में दिखेगा।

साथ ही बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी भरी हवाएं और दक्षिण-पश्चिमी दिशा से चलने वाली हवाएं आपस में टकरा रही हैं। इस टकराव के चलते चक्रवाती परिसंचरण बन रहा है, जो आने वाले हफ्ते में मौसम को और प्रभावित करेगा।

इन जिलों में ज्यादा असर दिखेगा

उत्तर प्रदेश के कई जिलों में वज्रपात, आंधी और गरज-चमक के साथ बारिश के आसार हैं। कौशांबी, प्रयागराज, फतेहपुर, प्रतापगढ़, सोनभद्र, मिर्जापुर, चंदौली, वाराणसी, भदोही और जौनपुर जैसे जिलों में खास अलर्ट जारी किया गया है।

इसके अलावा गाजीपुर, आजमगढ़, मऊ, बलिया, देवरिया, गोरखपुर, बस्ती, संत कबीर नगर और कुशीनगर समेत पूर्वांचल के कई जिले चक्रवाती प्रभाव में रहेंगे। मौसम विभाग ने इन इलाकों में बिजली चमकने और ओले गिरने की भी चेतावनी दी है।

पश्चिमी यूपी भी रहेगा चपेट में

पश्चिमी उत्तर प्रदेश के सहारनपुर, शामली, मुजफ्फरनगर, मेरठ, गाजियाबाद, हापुड़ और बागपत जिलों में भी आंधी-तूफान की स्थिति बन सकती है। यहां तेज हवाओं के साथ हल्की बारिश के आसार हैं, जो फसलों के लिए राहत लेकर आएगी।

बिजनौर, अमरोहा, मुरादाबाद और रामपुर में भी गरज-चमक के साथ वज्रपात की संभावना जताई गई है। किसानों को सलाह दी गई है कि वे फसलें कटाई के बाद सुरक्षित स्थानों पर रखें और मौसम की ताजा जानकारी पर नजर बनाए रखें।

लखनऊ, कानपुर, उन्नाव, बाराबंकी, रायबरेली और अमेठी जैसे जिलों में अगले सात दिनों तक मौसम में उतार-चढ़ाव देखने को मिलेगा। राजधानी लखनऊ में तापमान में गिरावट आने के साथ ही उमस भी कम होगी।

Take a Poll

पूर्वी और मध्य यूपी के अलावा, बरेली, पीलीभीत, शाहजहांपुर, बदायूं और संभल में भी मौसम का मिजाज बदलेगा। आने वाले दिनों में लोगों को गर्मी से राहत तो मिलेगी, लेकिन आंधी और बारिश के चलते सतर्क रहने की भी सलाह दी गई है।

क्या इस मौसम बदलाव का असर सिर्फ उत्तर भारत में ही रहेगा?

नहीं, पूर्वी और मध्य भारत के कुछ हिस्सों में भी इस बदलाव का असर दिखाई देगा।

क्या किसानों को किसी सावधानी की जरूरत है?

हां, किसानों को फसलें सुरक्षित स्थान पर रखने और मौसम की जानकारी पर नजर रखने की सलाह दी गई है।

क्या इस बारिश से तापमान में गिरावट आएगी?

हां, तेज हवाओं और बारिश के चलते अधिकतम तापमान में गिरावट होगी।

किन जिलों में सबसे ज्यादा असर देखने को मिलेगा?

पूर्वांचल और पश्चिमी यूपी के लगभग 50 जिलों में असर दिखेगा, जिनमें प्रयागराज, वाराणसी और गोरखपुर प्रमुख हैं।

उत्तर भारत में बारिश कब तक जारी रहेगी?

मौसम विभाग के अनुसार, बारिश और आंधी का दौर 1 से 5 मई तक चलेगा।

 

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+