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'मौत' के बाद नोएडा प्राधिकरण पहुंचा ये शख्स खुद को बता रहा जिंदा, कोई नहीं कर रहा यकीन

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    नोएडा। दिल्‍ली से सटे यूपी के हाईटेक शहर नोएडा का प्राधिकरण (अथॉरिटी) एक बार फिर सुर्खियों में है। हालांकि इस बार वजह कोई घपला या फिर गड़बड़ी नहीं बल्‍कि एक मृत इंसान का प्राधिकरण ऑफिस पहुंचना है। आपको ये बातें फिल्‍मी जरूर लगेंगी लेकिन ऐसा हुआ है। नोएडा के सेक्टर-39 थाना क्षेत्र का निवासी खजान सिंह (86) प्राधिकरण में मौजूद अधिकारियों के चक्कर लगा रहे हैं। वह पिछले दो साल से यहां खुद के जिंदा होने के सबूत दे रहे हैं। मगर उनकी यह बात मानने के लिए अधिकारी तैयार नहीं हैं। ऐसा इसलिए क्‍योंकि प्राधिकरण के भूलेख विभाग में जमा फाइलों में वह मर चुके हैं। फाइलों में मृतक होने की वजह से वह अपनी प्रॉपर्टी से जुड़े काम भी नहीं कर पा रहे हैं। विस्‍तार से जानिए पूरा मामला

    प्‍लॉट का हक पाने के लिए लड़ रहे हैं खजान सिंह

    प्‍लॉट का हक पाने के लिए लड़ रहे हैं खजान सिंह

    सदरपुर के रहने वाले खजान सिंह की नोएडा अथॉरिटी ने करीब 40 साल पहले जमीन ले ली। नियमानुमार मुआवजे का हक पाने के लिए उन्होंने सुप्रीम कोर्ट तक लड़ाई लड़ी। 2013 में वह केस जीत गए जिसके तहत अथॉरिटी को उन्हें आबादी की जमीन का प्लॉट आवंटित करना है। कोर्ट से मुकदमा जीतने के बाद जब उन्होंने अथॉरिटी के भूलेख विभाग में अपना हक पाने के लिए दावा किया तो पता चला वह तो अथॉरिटी की फाइलों में मृतक हो चुके हैं, इसलिए उन्हें यह प्लॉट नहीं मिला पाएगा।

    जिंदा होने के कई सबूत दे चुके हैं लेकिन फिर भी...

    जिंदा होने के कई सबूत दे चुके हैं लेकिन फिर भी...

    खजान सिंह ने बताया कि पिछले दो साल में वह करीब 100 से भी ज्यादा बार अथॉरिटी के अधिकारियों और बाबुओं से मिल चुके हैं। शपथ पत्र से लेकर बैंक स्टेटमेंट, सारे कागजात व जो भी खुद को जिंदा साबित करने के लिए उनसे मांगा गया वह दे चुके हैं, लेकिन कोई भी अधिकारी फाइल में बदलाव करने को तैयार नहीं है। कोई उनकी पीड़ा समझने को तैयार नहीं। उनका कहना है कि अब वह सीएम योगी और पीएम मोदी से मामले की शिकायत करेंगे।

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    क्‍या कहना है नोएडा अथॉरिटी का

    क्‍या कहना है नोएडा अथॉरिटी का

    वहीं इस मामले में नोएडा प्राधिकरण के भूलेख विभाग में तैनात तहसीलदार विनय पांडे ने बताया कि 2016 में प्राधिकरण के भूलेख विभाग की फाइल में उनका रिकाॅर्ड मृतक के रूप में दर्ज है। यह कैसे हुआ। इसकी जानकारी तो नहीं है, लेकिन खजान सिंह द्घारा जमा दस्तावेजों साथ फाइल में उनके नाम से मृतक हटाने के लिए उच्च अधिकाारियों के पास फाइल भेजी गर्इ है।

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    English summary
    Man died in papers, Reached Noida Authority for living Certificates.

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