• search

योगी सरकार फिर से देगी यश भारती सम्मान के धारकों को 50000 की पेंशन!

Subscribe to Oneindia Hindi
For Quick Alerts
ALLOW NOTIFICATIONS
For Daily Alerts

    लखनऊ। उत्तर प्रदेश में योगी सरकार ने अपना दूसरा बजट पेश कर दिया है। योगी सरकार ने प्रदेश के इतिहास में अभतक का सबसे बड़ा बजट पेश किया है, इस बजट में किसानों, उद्ममियों पर खास ध्यान दिया गया है। लेकिन इस बजट में एक खास ऐलान भी किया गया, जिसपर हर किसी की नजर नहीं गई। दरअसल योगी सरकार ने इस बजट में यश भारती पुरस्कारों के लिए बजट का आवंटन किया है, जिसे समाजवादी पार्टी की सरकार के कार्यकाल में शुरू किया गया था। यश भारती सम्मान के धारकों को सपा सरकार के दौरान 50 हजार रुपए की पेंशन दी जाती थी, जिसे योगी सरकार ने रोक दिया था। 

    yogi

    भाजपा नेता ने लिखा पत्र

    यूपी में सत्ता में आने के बाद योगी सरकार ने यश भारती पुरस्कार के विजेताओं को पेंशन पर रोक लगा दी थी, भाजपा ने इस योजना को यह कहते हुए रोक दिया था कि इस पुरस्कार के तहत कई राजनीति से प्रेरित लोगों को सम्मान दिया गया। लेकिन इस सम्मान के तहत फिर से पेंशन के लिए जिस तरह से योगी सरकार ने बजट का आवंटन किया है उसको लेकर योगी सरकार पर सवाल खड़े होने लगे हैं। लेकिन इसके पीछे की एक बड़ी वजह यह भी सामने आई है कि खुद भाजपा नेता भी इस सम्मान के तहत दी जाने वाली पेंशन को फिर से शुरू करने की वकालत कर रहे थे।

    पेंशन से चलता है घर 

    पिछले वर्ष जब योगी सरकार सत्ता में आई थी तो इस पेंशन को बंद कर दिया गया था, जिसके बाद प्रदेश भाजपा प्रवक्ता नरेन्द्र सिंह राणा ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर पेंशन को फिर से लागू किए जाने की अपील की थी। उन्होंने मुख्यमंत्री को एक पत्र लिखकर कहा था कि विनम्र निवेदन है कि यूपी सरकार के सर्वोत्तम सम्मान यश भारती के पेंशन धारकों को सरकार द्वारा सम्मान स्वरूप 50 हजार रुपए की प्रतिमाह पेंशन दी जाती है। यह पेंशन प्रदेश का नाम अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर रोशन करने वालों को दिया जाता है। बतौर अंतर्राष्ट्रीय कोच पावरलिफ्टिंग के नाते यह सम्मान मुझे भी प्राप्त हुआ है, आपसे करबद्ध प्रार्थना है कि इसे तत्काल पूर्व की भाांति दिलाने की कृपा करें।

    letter

    प्रदेश का सबसे बड़ा बजट

    गौरतलब है कि  यूपी के वित्त मंत्री राजेश अग्रवाल ने 4 लाख 28 हजार 384 करोड़ का बजट पेश किया था। यह पिछले साल की तुलना में 11.4 प्रतिशत ज्यादा है। वित्तमंत्री राजेश अग्रवाल ने अपने बजट भाषण में कहा कि, सरकार इस बजट में 'सर्व शिक्षा अभियान' के लिए 18 हजार 167 करोड़ रुपए खर्च कर रही है। वहीं कक्षा 1 से 8 तक निःशुल्क किताबों के लिए सरकार ने 76 करोड़ और यूनिफॉर्म के लिए 40 करोड़ का प्रावधान किया है।

    जीवनसंगी की तलाश है? भारत मैट्रिमोनी पर रजिस्टर करें - निःशुल्क रजिस्ट्रेशन!

    देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
    English summary
    Here is why Yogi Adityanath government allocated budget for SP government Yash Bharti award. BJP leaders wrote to Yogi Adityanath to start the pension.

    Oneindia की ब्रेकिंग न्यूज़ पाने के लिए
    पाएं न्यूज़ अपडेट्स पूरे दिन.

    X
    We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more