WFI के सस्पेंड होने पर क्या बोले पहलवान? विनेश और बजरंग ने सरकार के फैसले पर दिया बड़ा बयान
संजय सिंह के भारतीय कुश्ती महासंघ (WFI) के अध्यक्ष चुने जाने के बाद से शुरू हुए भारी विरोध के बाद खेल मंत्रालय ने एक बड़ा फैसला लिया, और महासंघ की नवनिर्वाचित संस्था को निलंबित कर दिया। सरकार के इस फैसले के बाद भारतीय पहलवान विनेश फोगाट और बजरंग पूनिया ने खेल मंत्रालय के फैसले पर खुलकर बात की है।
दरअसल, फोगाट पूर्व डब्ल्यूएफआई अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह और उनके करीबी सहयोगी संजय सिंह की नियुक्ति के खिलाफ विरोध करने वाले टॉप पहलवानों में से एक हैं। विनेश फोगाट ने सरकार के इस निर्णय का स्वागत किया है।

फोगाट ने आज तक से बातचीत में बताया कि उनकी लड़ाई कभी सरकार के खिलाफ नहीं थी। उन्होंने कहा कि, हमारी लड़ाई बस इतनी सी है कि जो गलत हैं उन्हें सजा मिलनी चाहिए। हमने उनके खिलाफ आवाज उठाई, जिन्होंने महिला खिलाड़ियों के साथ गलत किया है।
फोगाट ने कहा कि कोई सही आदमी फेडरेशन का अध्यक्ष चुना जाना चाहिए। कोई महिला कुश्ती संघ के अध्यक्ष इस पद पर होनी चाहिए, जिससे हमें भी लगेगा कि हमारे संघर्ष की जीत हुई।
वहीं दूसरी ओर बजरंग पूनिया ने भी इस फैसले का स्वागत किया और कहा कि, 'निर्णय बिल्कुल सही लिया गया है। बहन-बेटियों के साथ गलत करने वालों को रेसलिंग फेडरेशन से बाहर होना ही चाहिए।' बजरंग ने कहा कि, अच्छे लोगों को लाइए, उनका फेडरेशन में हम स्वागत करेंगे।'
पूर्व अंतरराष्ट्रीय रेसलर गीता फोगाट ने भी सरकार के इस फैसलाे का स्वागत किया है। गीता ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा कि, खेल मंत्रालय ने भारतीय कुश्ती संघ को निलंबित कर दिया है। भले ही देर से पर एक उम्मीद की किरण जरूर जागी है की पहलवानों को इंसाफ़ मिलेगा।'












Click it and Unblock the Notifications