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IPS मृदुल कच्छावा : 11 माह में पकड़े 44 डकैत, चंबल के बीहड़ों में खुद जाते हैं धौलपुर SP, देखें वीडियो

By वेद प्रकाश शर्मा
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धौलपुर। बजरी, बंदूक और बागी के लिए कुख्यात चंबल के बीहड़ों से डकैतों का सफाया हो रहा है। इस काम को अंजाम दे रहे हैं धौलपुर के एसपी मृदुल कच्छावा और उनकी टीम।

लॉकडाउन में पकड़े 22 डकैत

लॉकडाउन में पकड़े 22 डकैत

राजस्थान के युवा आईपीएस मृदुल कच्छावा महज 31 साल के हैं। पिछले साल जुलाई में इन्हें धौलपुर एसपी लगाया गया था। उसके बाद से ही डकैतों के खिलाफ कार्रवाई दर कार्रवाई कर रहे हैं। आलम यह है कि 11 माह में 44 डकैतों को पकड़ लिया गया है। इन दिनों लॉकडाउन में भी धौलपुर पुलिस की डकैतों के खिलाफ कार्रवाई जारी रही। लॉकडाउन में धौलपुर की कानून व्यवस्था संभालने के साथ-साथ 22 डकैतों को भी धर दबोचा गया है।

 डांग व चंबल क्षेत्र डकैतों की शरण स्थली

डांग व चंबल क्षेत्र डकैतों की शरण स्थली

सबसे खास बात यह है कि एसपी मृदुल कच्छावा खुद अपनी टीम के साथ चंबल के बीहड़ों में जाते हैं और डकैतों को या तो पकड़ लेते हैं या उन्हें पुलिस के सामने सरेंडर करने पर मजबूर किया जाता है। धौलपुर के इतिहास में पहली बार एक साल में 44 डकैतों के खिलाफ कार्रवाई हुई है। सदियों से धौलपुर जिले के डांग एवं चंबल क्षेत्र को डकैतों की शरण स्थली माना जाता रहा है।

 धौलपुर सबसे सुरक्षित जगह

धौलपुर सबसे सुरक्षित जगह

चंबल क्षेत्र में डकैतों की बंदूक कभी भी खामोश नहीं रही। दशकों पूर्व डकैत फूलन देवी, डकैत मोहर सिंह, डकैत मलखान, डकैत जंगा, डकैत जगजीवन परिहार आदि करीब एक दर्जन से अधिक डकैत चंबल बीहड़ों की देन है। उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश की सीमा से लगते धौलपुर जिले की चंबल घाटी डकैतों के लिए सबसे सुरक्षित जगह रही है। कुछ साल पूर्व तत्कालीन एसपी राहुल प्रकाश एवं विकास कुमार ने भी चंबल के बीहड़ों को डकैतों से मुक्त करवाने का बीड़ा उठाया था, मगर इस मामले में सबसे बड़ी कामयाबी एसपी मृदुल कच्छावा के हाथ लगी है।

 ये डकैत पकड़े गए

ये डकैत पकड़े गए

धौलपुर की चंबल घाटी से जिन डकैतां को पकड़ा गया है। उनमें डकैत जगन गुर्जर का छोटा भाई पप्पू गुर्जर, डकैत लाल सिंह गुर्जर, डकैत रामविलास गुर्जर, डकैत भारत गुर्जर, डकैत रामविलास गुर्जर एवं डकैत रघुराज गुर्जर आदि शामिल हैं। हालांकि दो डकैत गैंग जिनमें एक लाख से अधिक का इनामी केशव गुर्जर एवं बैजनाथ गुर्जर डांग क्षेत्र में फरार हैं। दोनों डकैतों की गैंग धौलपुर पुलिस की रडार पर है।

धौलपुर पुलिस ने चला रखा है विशेष अभियान

धौलपुर पुलिस ने चला रखा है विशेष अभियान

धौलपुर एसपी मृदुल कच्छावा बताते हैं कि पिछले 11 माह से डकैतों के खिलाफ धौलपुर पुलिस ने विशेष अभियान चला रखा है, जिसके नतीजे शानदार रहे हैं। इस कामयाबी के पीछे करीब एक दर्जन युवा पुलिस निरीक्षक, डीएसटी टीम, आरएसी टीम एवं साइबर सैल की मुख्य भूमिका है। डकैतों के पकड़ने के साथ-साथ धौलपुर पुलिस उनका नेटवर्क भी तोड़ ​रही है।

जानिए कौन हैं आईपीएस मृदुल कच्छावा

जानिए कौन हैं आईपीएस मृदुल कच्छावा

बता दें कि धौलपुर एसपी मृदुल कच्छावा मूलरूप से बीकानेर जिले के गंगाशहर के रहने वाले है। 1989 में जन्मे मृदुल कच्छावा सीए व सीएस भी रह चुके हैं। सिविल सेवा परीक्षा 2014 में 216वीं हासिल कर आईपीएस बने हैं। इससे पहले एसीबी में एसपी रह चुके हैं। मृदुल कच्छावा की शादी कनिका सिंह से हुई है। कनिका के पिता पीके सिंह भी वर्ष 1992 से 1993 तक धौलपुर के एसपी रह चुके हैं।

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English summary
IPS Mridul Kachhwa: 44 dacoits caught in 11 months By Dholpur Police
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