पंजाब में कितने किसान संगठन लड़ रहे हैं चुनाव, संयुक्त समाज मोर्चे का चिह्न कैसे बनी चारपाई?
लुधियना। किसान आंदोलन वापस लिए जाने के बाद चुनावी मैदान में उतरे किसान संगठनों का चुनाव चिह्न क्या है, इस सवाल का जवाब अब मिल गया है। पंजाब के किसान संगठनों की पार्टी (संयुक्त समाज मोर्चा) को चुनाव आयोग ने 'चारपाई' का चिह्न सौंपा है। यानी यदि लोग संयुक्त समाज मोर्चा को वोट देना चाहेंगे तो वे 'चारपाई' वाला बटन दबाएंगे।

यह है संयुक्त समाज मोर्चा का चुनाव चिह्न
'चारपाई' के चुनाव चिह्न से हालांकि किसान संगठनों की पार्टी (संयुक्त समाज मोर्चा) के बहुत से नेता राजी नहीं हैं, उन्होंने चुनाव आयोग से ट्रैक्टर सिंबल की मांग की थी। उनकी ओर से कुल 3 निशान पेश किए गए थे। मगर..उन्हें चारपाई पर चुनाव लड़ने की अनुमति दे दी गई। इससे पहले उन्हें अपने मोर्चे को रजिस्टर्ड करवाने के लिए भी माथापच्ची करनी पड़ी थी। जिसके चलते उन्होंने चुनाव आयोग पर कई तोहमतें भी मढ़ दी थीं। हालांकि, नामांकन खत्म होने के तक चुनाव आयोग ने संयुक्त समाज मोर्चा को राजनीतिक संगठन के रूप में मंजूरी दे दी।

पंजाब चुनाव में कितने किसान संगठन हैं?
संयुक्त संघर्ष पार्टी (एसएसपी) और संयुक्त समाज मोर्चा (संसमो) पार्टी के बैनर तले बहुत से किसान संगठन चुनाव लड़ रहे हैं। एक किसान नेता ने कल बताया था कि, पंजाब में कुल 22 किसान संगठन चुनाव लड़ रहे हैं। ये वही संगठन हैं, जो कृषि सुधार कानूनों के विरोध में दिल्ली के सिंघु बॉर्डर पर एक साल से ज्यादा समय तक आंदोलनरत रहे थे।

ऐसे लिया था चुनाव लड़ने का फैसला
कृषि कानून वापस होने के बाद पंजाब आकर गुरनाम सिंह चढूनी और बलबीर राजेवाल ने समर्थकों को साथ लेकर चुनाव लड़ने की घोषणा कर दी। इस तरह किसान राजेवाल और चढ़ूनी की अगुवाई में चुनाव लड़ रहे हैं। चूंकि, पंजाब के किसानों के संयुक्त समाज मोर्चा के साथ हरियाणा के किसान नेता गुरनाम चढ़ूनी भी संयुक्त संघर्ष पार्टी गठजोड़ कर चुनाव मैदान में हैं..तो उन्होंने अपना घोषणा पत्र जारी कर दिया है। संयुक्त संघर्ष पार्टी का घोषणा पत्र आप यहां क्लिक कर देख सकते हैं।












Click it and Unblock the Notifications