कूलभूषण जाधव केस: पाक ने पूर्व मुख्य न्यायाधीश को बनाया ऐडहॉक जज, बार काउंसिल ने किया विरोध
आपको बता दें कि इससे पहले 18 मई को सुनवाई करते हुए आईसीजे ने उनकी फांसी पर रोक लगा दी थी
नई दिल्ली। इंटरनेशनल कोर्ट में चल रहे कूलभूषण जाधव के मामले में पाकिस्तान सरकार ने पूर्व चीफ जस्टिस तसादुक हुसैन जिलानी को ऐडहॉक जज नियुक्त किया है। तसादुक हुसैन जिलानी की नियुक्तिकुलभूषण जाधव के मामले पर पाकिस्तान का पक्ष रखने के लिए की गई है। जस्टिस जिलानी पाकिस्तान के पूर्व विदेश सचिव जलील अब्बास जिलानी के चचेरे भाई हैं।

इस मामले में पाकिस्तान बार काउंसिल के प्रतिनिधि कामरान राहील शेख ने संसद की मंजूरी लेने की मांग की है। कुलभूषण जाधव मामले की सुनवाई इंटरनेशनल कोर्ट में चल रही है। 13 सिंतबर को इस मामले में 4 महीने बाद फिर से सुनवाई शुरू हुई है। जाधव मामले पर अपनी लिखित दलीलें पेश करते हुए भारत ने कहा कि पाकिस्तान ने वियना कन्वेंशन का उल्लंघन किया है।
आपको बता दें कि इससे पहले 18 मई को सुनवाई करते हुए आईसीजे ने उनकी फांसी पर रोक लगा दी थी। भारतीय नौसेना के 46 साल के सेवानिवृत्त अधिकारी जाधव को पाकिस्तान की मिलिट्री कोर्ट ने पाकिस्तान के खिलाफ जासूसी और दूसरी गतिविधियों में संलिप्तता के लिए अप्रैल में मौत की सजा सुनाई थी।
पाक विदेश मंत्री ख्वाजा मोहम्मद आसिफ ने हाल ही में न्यूयॉर्क में लोगों को संबोधित करते हुए कहा है कि पाकिस्तान के विदेश मंत्री ने बुधवार को दावा किया कि कुलभूषण जाधव को रिहा करने के लिए पाकिस्तान को अफगानिस्तान जेल में पेशावर हमले के आरोपी को सौंपने का ऑफर दिया गया था। ख्वाजा मुहम्मद आसिफ ने बताया कि 2014 में पेशावर के एक स्कूल में हमला कर बच्चों की हत्या करने वाला आतंकवादी अफगानिस्तान में बंद है। आसिफ ने कहा कि मुझसे मेरे देश के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार ने कहा कि हम अफगान जेल में बंद इस आतंकवादी से कुलभूषण जाधव की अदला बदली कर सकते हैं।












Click it and Unblock the Notifications