• search
क्विक अलर्ट के लिए
अभी सब्सक्राइव करें  
क्विक अलर्ट के लिए
नोटिफिकेशन ऑन करें  
For Daily Alerts

आफत के बाद 'आप' को मिली राहत, HC में मान्यता रद्द करने की याचिका खारिज

|

नयी दिल्ली। पिछले कई दिनों से आम आदमी पार्टी में जारी उठापटक के बीच आज उसे फौरी राहत मिली है। दिल्ली हाई कोर्ट से आम आदमी पार्टी को बड़ी राहत देते हुए चुनाव खर्च मामले को लेकर दायर याचिका को खारिज कर दिया है। दिल्ली उच्च न्यायालय ने गुरुवार को आप का पंजीयन रद्द करने की मांग करने वाली याचिका खारिज कर दी।

arvind kejriwal

याचिका में दावा किया गया है कि पार्टी ने निर्वाचन आयोग से पंजीयन पाने के लिए फर्जी दस्तावेजों का इस्तेमाल किया था। मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति जी.रोहिणी और न्यायमूर्ति आरएस एंडलॉ की खंडपीठ ने याचिका पर सुनवाई करते हुए इसे खारिज कर दिया।

याचिका में निर्वाचन आयोग की तरफ से पंजीयन करने के दौरान हुई गड़बड़ी की भी जांच करने की मांग की गई है। न्यायालय में यह जनहित याचिका हंस राज जैन ने दायर की थी, जिन्होंने पंजीयन के दौरान आवेदन पत्र में आप द्वारा अशोक चक्र का इस्तेमाल करने पर भी सवाल उठाया है। उनकी यह दलील है कि यह संविधान का उल्लंघन है, क्योंकि कोई भी राष्ट्रीय चिह्न् का निजी इस्तेमाल नहीं कर सकता।

निर्वाचन आयोग ने इससे पहले न्यायालय को बताया कि आप को पंजीकृत करने के लिए न तो कोई भूल न ही जल्दबाजी की गई है और अनिवार्य दस्तावेज मिलने पर ही पंजीयन की मंजूरी दी गई है।

जीवनसंगी की तलाश है? भारत मैट्रिमोनी पर रजिस्टर करें - निःशुल्क रजिस्ट्रेशन!

देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
English summary
Delhi High Court dismissed a plea seeking directions to the Election Commission of India for cancellation of the Aam Aadmi Party's registration for allegedly using forged documents.
For Daily Alerts
तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
Enable
x
Notification Settings X
Time Settings
Done
Clear Notification X
Do you want to clear all the notifications from your inbox?
Settings X
X
We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more