OPINION: युवाओं को सरकारी नौकरी देने के लिए एमपी सरकार की बड़ी पहल
MP News: मध्य प्रदेश सरकार के लिए युवाओं का रोजगार शीर्ष प्राथमिकताओं में रहा है। इसमें सरकारी नौकरियां भी शामिल हैं। इसी कड़ी में मध्य प्रदेश की मोहन यादव सरकार की ओर से सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए एक बड़ी खुशखबरी आई है। एमपी सरकार जल्द ही दो लाख सरकारी पदों के लिए भर्ती की प्रक्रिया शुरू करने जा रही है।
मोहन यादव सरकार सरकारी नौकरियों की भर्ती प्रक्रिया को लेकर कितनी गंभीर है, इसका अंदाजा इसी बात से लगता है कि इस मसले पर सामान्य प्रशासन विभाग और वित्त विभाग के बीच एक दौर की बातचीत भी हो चुकी है।

एमपी में युवाओं को 2 लाख सरकारी नौकरियों का तोहफा
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने 12 जुलाई को ही विधायकों के साथ बैठक में कह दिया था कि दो लाख खाली पदों के लिए भर्ती प्रक्रिया जल्द ही शुरू की जाएगी। इसके बाद संबंधित विभागों ने इस प्रक्रिया को तेजी से आगे बढ़ाने का काम शुरू कर दिया है और मुख्यमंत्री की खुद इसपर नजर बनी हुई है।

युवाओं को रोजगार एमपी सरकार की शीर्ष प्राथमिकता
एमपी सरकार ने सरकारी रिक्तियों को अपडेट करने के लिए एक पोर्टल भी तैयार किया है। सरकार के कर्मचारियों को पोर्टल पर जानकारी अपलोड करने और उसे एक्सेस करने का तरीका बताया गया है। खाली सरकारी पदों के लिए कटऑफ डेट 1 अप्रैल, 2025 तय की गई है।
राज्य सरकार का मानना है कि क्लास 1, क्लास 2 और क्लास 3 की सरकारी नौकरियों में मौजूदा रिक्तियों की कुल संख्या दो लाख से ज्यादा नहीं होगी। लेकिन, इतने पदों पर एकसाथ युवाओं की भर्ती से उनका बहुत बड़ा कल्याण होना तय है।

युवाओं की समस्याओं का समाधान तलाशने में जुटी है एमपी सरकार
बेरोजगारी को लेकर खासकर विपक्ष हमेशा एक नैरेटिव गढ़ने की कोशिश करता रहा है। यह समस्या है, इससे इनकार भी नहीं किया जा सकता। लेकिन, अगर सरकार इस चुनौती को स्वीकार करते हुए उसका समाधान तलाश रही है तो यह सराहनीय बात है। राज्य में 13 सितंबर तक 26,52,231 से ज्यादा युवा रजिस्टर थे। राज्य सरकार लगातार इनमें से एक-एक युवाओं को उनके कौशल के हिसाब से सेट करने की कोशिशों में जुटी हुई है।

एमपी में बेरोजगारी नहीं रहेगी समस्या
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने पदभार संभालने के बाद ही जनवरी में ही कह दिया था कि जरूरतमंदों को रोजगार मुहैया कराना उनकी सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने तभी से पर्यटन, वन, खनिज, उद्योग और सेवा क्षेत्र जैसे क्षेत्रों में रोजगार उपलब्ध कराने के लिए कार्य योजना बनाने पर जोर देना शुरू कर दिया था।

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बेरोजगारी की सबसे बड़ी वजह जनसंख्या है। लेकिन, अगर कोई सरकार सभी चुनौतियों का मुकाबला करते हुए भी इससे निपटने का सार्थक प्रयास कर रही है तो वह तारीफ के काबिल है और उसमें मोहन यादव सरकार सौ फीसदी खरा उतर रही है।













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