मंत्री गौतम टेटवाल ने अजान के बीच भाषण रोककर दी धर्मों के सम्मान की नसीहत, कहा – हमारी संस्कृति में समावेशिता
MP News: मध्य प्रदेश सरकार के कौशल विकास और रोजगार विभाग के राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) और सारंगपुर विधायक गौतम टेटवाल का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें वे अजान की आवाज सुनकर अपना भाषण रोक देते हैं और उसके बाद धर्मों के सम्मान के बारे में महत्वपूर्ण संदेश देते हैं।
यह घटना रविवार को राजगढ़ जिले की ग्राम पंचायत मऊ में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान हुई, जब मंत्री ने निर्माण कार्यों का शुभारंभ किया था।

अजान के दौरान भाषण रोककर दिया सम्मान का संदेश
वीडियो में मंत्री गौतम टेटवाल मंच से 'ला इलाहा इल्लल्लाह मुहम्मदुर रसूलुल्लाह' कहते हुए नजर आ रहे हैं। इसके बाद वे अजान का अर्थ भी समझाते हैं और कहते हैं कि 'सब धर्मों का सम्मान करना हमारी संस्कृति है'। मंत्री ने यह संदेश दिया कि अगर हम मुस्लिम धर्म का सम्मान करते हैं, तो मुस्लिम समुदाय को भी गौमाता, गंगा, और सनातन धर्म के प्रतीकों का सम्मान करना चाहिए।
अजान के दौरान उन्होंने कहा, "दुनिया में आए हो, तो सबका सम्मान करो। सब सुखी रहें, सब निरोगी रहें, सबका कल्याण हो। यह बात वह भी कह रहा है, और हम भी कह रहे हैं। सनातन संस्कृति ऐसी है जिसमें सबका समावेश है।" उन्होंने इस दौरान यह भी कहा कि, "हमारी संस्कृति का अपमान बर्दाश्त नहीं करेंगे" और सभी धर्मों के आदर्शों का आदर करना चाहिए।
धर्म और संस्कृति की परिभाषा दी
मंत्री टेटवाल ने अपने भाषण में यह भी कहा कि "सर्वे भवन्तु सुखिनः सर्वे सन्तु निरामया" यानी "सब सुखी रहें, सब निरोगी रहें"। इसके साथ ही उन्होंने "वसुधैव कुटुंबकम" का हवाला दिया, जो हमारी संस्कृति का मूल मंत्र है। इस दौरान उन्होंने यह भी बताया कि इस संसार में ईश्वर एक है, जैसे नदियां समुद्र में विलीन हो जाती हैं, वैसे ही सभी धर्म मिलकर सनातन धर्म में विलीन हो जाते हैं।
मंत्री की नसीहत - धर्मों का सम्मान जरूरी
मंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि "अगर हम मुस्लिम धर्म का सम्मान करते हैं, तो इसका मतलब यह नहीं है कि हम अपने संस्कृति के प्रतीकों और मान बिंदुओं का अपमान सहन करेंगे"। उन्होंने कहा कि, "गौ माता का सम्मान करें, गंगा जी का सम्मान करें, सनातन हिंदू समाज के स्वाभिमान के मान बिंदुओं का सम्मान करें"। मंत्री ने यह भी कहा कि "हम सब धर्म का सम्मान करते हैं, लेकिन हमारे धर्म और संस्कृति का भी सम्मान किया जाए"।
इस दौरान मंत्री ने यह नसीहत दी कि हमें सभी धर्मों को समान रूप से आदर देना चाहिए, क्योंकि "धर्म और संस्कृति की समावेशिता ही हमारे समाज की शक्ति है"।
कांग्रेस ने भाजपा की कथनी और करनी पर उठाए सवाल, मंत्री टेटवाल की अजान के समय भाषण रोकने की सराहना की
राजगढ़ जिला पंचायत अध्यक्ष और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता चंदर सिंह सोंधिया ने एक बयान में भाजपा और उनके नेताओं पर आरोप लगाए हैं कि उनकी कथनी और करनी में बड़ा अंतर है। सोंधिया ने मध्य प्रदेश सरकार के राज्यमंत्री गौतम टेटवाल द्वारा अजान के समय अपना भाषण रोकने की सराहना की, लेकिन साथ ही भाजपा की नीतियों और आचरण पर सवाल भी उठाए।
संविधान का सम्मान, धर्मों का आदर - सोंधिया की टिप्पणी
सोंधिया ने कहा कि, "यह एक बहुत अच्छी बात है। आज संविधान दिवस है, और हमें संविधान का सम्मान करना चाहिए। संविधान सभी धर्मों का सम्मान करना सिखाता है। मंत्री गौतम टेटवाल ने अजान के दौरान अपना भाषण रोका, यह स्वागत योग्य कदम है।"
कांग्रेस नेता ने यह भी कहा कि वह भाजपा से यही अपेक्षा रखते हैं कि वे भी "सभी धर्मों का सम्मान करें", क्योंकि संविधान और धर्म का आदर करना हर नागरिक का कर्तव्य है।
कथनी और करनी में अंतर
हालांकि, सोंधिया ने मंत्री टेटवाल के इस कदम की सराहना की, लेकिन उन्होंने भाजपा पर "कथनी और करनी में अंतर" होने का आरोप भी लगाया। उन्होंने कहा कि, "अजान के समय मंत्री ने भाषण रोका, यह अच्छा था, लेकिन कुछ समय बाद उन्होंने गोधरा कांड पर बनी फिल्म 'साबरमती' देखने के लिए 500 से ज्यादा भाजपाई कार्यकर्ताओं के साथ जुलूस के रूप में निकाला। यह उनकी राजनीति का दूसरा रूप था, जब वे आक्रोशित नारे लगाते हुए फिल्म देखने गए।"
सोंधिया ने आरोप लगाया कि भाजपा की "कथनी और करनी में बड़ा अंतर है" और पार्टी केवल अपने फायदे के लिए घोषणा करती है, लेकिन ज़मीन पर किसी भी बदलाव या कार्यवाही का असर नहीं होता।
मुख्यमंत्री की लोक प्रियता की कोशिशें
कांग्रेस नेता ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान पर भी निशाना साधते हुए कहा, "मुख्यमंत्री ने लाउडस्पीकर पर रोक लगाने का आदेश दिया है, लेकिन यह केवल उनकी सस्ती लोकप्रियता हासिल करने की कोशिश है। भाजपा कुछ कहती है, और जमीन पर कुछ और करती है।"
उनका कहना था कि भाजपा सिर्फ लोकसभा और विधानसभा चुनावों के समय धर्म और संस्कृति का सहारा लेकर वोट बैंक को साधने की कोशिश करती है, जबकि वास्तविकता में इन मुद्दों पर कोई ठोस कदम नहीं उठाए जाते।












Click it and Unblock the Notifications