राजगढ़ : पांच बेटों की मांं दर-दर भटकने को मजबूर, शिकायत पर पुलिस ने 3 बेटों को किया गिरफ्तार
राजगढ़, 1 जून। उम्र 80 साल। संतान 5 बेटे और वर्तमान में भरपेट भोजन को मोहताज। ना रहने को सिर पर छत और ना ही दुख दर्द बांटने के लिए अपनों का साथ। हर किसी को झकझोर देने और बेटों पर गुमान करने वालों को आइना दिखाती यह कहानी है मध्य प्रदेश के राजगढ़ के गांव देवाखेड़ी की रामकुंवर बाई की है।

रामकुंवर बाई के पति लक्ष्मण सिंह की मौत
रामकुंवर बाई के पति लक्ष्मण सिंह की मौत के बाद अकेली जीवन जीने को मजबूर हैं। पांचों बेटों ने इस मां से किनारा कर लिया। बेटों के मुंह मोड़ लेने के बाद हार-थककर रामकुंवर बाई ने ख़िलचीपुर पुलिस थाने में शिकायत दर्ज करवाई कि उनके पांच बेटे हैं, लेकिन सभी शादी के बाद से ही अलग हो गए। वृद्ध मां को रखने के लिए कोई भी तैयार नहीं हैं।

बूढ़ी मां का सहारा बनने के लिए कोई तैयार नहीं
इसके बाद राजगढ़ एसपी प्रदीप शर्मा ने पुलिस के माध्यम से पांचों पुत्रों से समझाइश की, लेकिन बूढ़ी मां का सहारा बनने के लिए कोई तैयार नहीं हुआ। फिर एसपी ने पांचों पुत्रों के खिलाफ मामला दर्ज करने का आदेश दिया।

अधिनियम की धारा 24 के तहत अपराध पंजीबद्ध
एसपी के आदेश के बाद ख़िलचीपुर पुलिस ने हिम्मत सिंह, राजेंद्र सिंह और धीरज सिंह वर्तमान में तीनों निवासी इन्दौर, शंकर सिंह हालमुकाम भवानीमंड़ी एवं रमेश सिंह निवासी सोयतकलां के विरुद्ध 'वरिष्ठ नागरिक देखभाल अधिनियम की धारा 24 के तहत अपराध पंजीबद्ध कर दिया है।












Click it and Unblock the Notifications