स्वच्छता में इंदौर की टॉप रैंकिंग पर अश्नीर ग्रोवर ने उठाई उंगली, मेयर ने कहा- मानहानि का मुकदमा करेंगे
भारत-पे के सह संस्थापक अश्नीर ग्रोवर ने दावा किया था कि केंद्र सरकार के सर्वेक्षण के तहत भारत के सबसे स्वच्छ शहर के रूप में इंदौर की स्थिति को "खरीदा" था।
Indore News: स्वच्छता सर्वेक्षण में इंदौर की टॉप रैंकिंग पर उंगली उठाकर भारत-पे के सह संस्थापक अश्नीर ग्रोवर एक बड़े विवाद में फंस गए हैं। उन्होंने दावा किया था कि केंद्र सरकार के सर्वेक्षण के तहत भारत के सबसे स्वच्छ शहर के रूप में इंदौर की स्थिति को "खरीदा" था। ग्रोवर की टिप्पणी के बाद सोशल मीडिया पर लोगों की प्रतिक्रिया का भूचाल सा आ गया। वहीं, मध्य प्रदेश शहर के मेयर ने उन पर मानहानि का मुकदमा करने का वादा किया है।
दरअसल, ग्रोवर एक कार्यक्रम में वीडियो में कहते हुए सुनाई दे रहे हैं, "मेरे साथ समस्या यह है कि तीन-चार साल से मैं सुन रहा हूं कि इंदौर सबसे स्वच्छ शहर है। आपने सर्वेक्षण खरीद लिया है। यह एक साधारण बात है।

हालांकि, ग्रोवर ने तुरंत स्पष्टीकरण देते हुए कहा कि उनका मतलब सिर्फ यह था कि इंदौर में बहुत सारे निर्माण कार्य थे, और उन्होंने यह नहीं कहा कि शहर में हर तरफ गंदगी है। उन्होंने भीड़ से कहा कि सबसे स्वच्छ शहर की रैंकिंग के लिए "सिर्फ चिप्स पैकेटों को नहीं" बल्कि मलबे को भी ध्यान में रखा जाता है।
वीडियो पर प्रतिक्रिया देते हुए इंदौर के मेयर पुष्यमित्र भार्गव ने कहा कि मैंने ग्रोवर का वीडियो देखा है। उनका बयान शहर के लोगों और स्वच्छता कार्यकर्ताओं की स्वच्छता के लिए की गई कड़ी मेहनत का अपमान है। हम इस अपमान के खिलाफ उचित कानूनी कार्रवाई करेंगे और उन्हें मानहानि का नोटिस भी भेजेंगे। केंद्र के स्वच्छ सर्वेक्षण पुरस्कारों के तहत मध्य प्रदेश का इंदौर लगातार छह सालों तक भारत के सबसे स्वच्छ शहरों की लिस्ट में टॉप पर रहा है।












Click it and Unblock the Notifications