अखिलेश के 'चंदाजीवी' बयान पर भड़के संत, कहा- होश में आ जाओ 'बाबरजीवी'
Sadhu Sant Angry Over Akhilesh Yadav Chanda Jivi Remarks: लखनऊ। समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष और यूपी के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के श्रीराम जन्म भूमि निधि समर्पण अभियान को 'चंदाजीवी' वाले बयान को लेकर साधु संतों में आक्रोश है। अयोध्या, मथुरा, काशी, प्रयागराज में संतों ने अखिलेश यादव के बयान का विरोध किया है। सपा प्रमुख को नसीहत देते हुए हनुमान गढ़ी के महंत राजू दास ने कहा, अखिलेश यादव अभी भी होश में आ जाओ, आप हमेशा 'बाबरजीवी' रहे हो। संतों ने कहा कि धार्मिक मान्यताओं पर ठेस नहीं पहुंचानी चाहिए। संतों का काहना है कि अखिलेश यादव का बयान न सिर्फ भगवान राम का अपमान है, बल्कि यह राम मंदिर और चंदा देने वाले राम भक्तों का भी अपमान है।

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अखिलेश ने चंदा लेने वालों को कहा था 'चंदाजीवी'
हनुमान गढ़ी के महंत राजू दास ने कहा, अखिलेश यादव अभी भी होश में आ जाओ, आप हमेशा 'बाबरजीवी' रहे हो। महंत धर्मदास ने भी अखिलेश यादव के चंदाजीवी वाले बयान पर निशाना साधते हुए कहा कि न कभी अखिलेश यादव ने और न ही कभी उनके पिता ने राम मंदिर के लिए एक भी ईंट रखने का काम किया है। समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव किसान आंदोलन के समर्थन में मंगलवार को लोकसभा में भाषण दिया। इस दौरान उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा आंदोलन को लेकर दिए गए बयान 'आंदोलनजीवी' पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, 'अब जो घर घर जाकर चंदा ले रहे हैं, क्या वे चंदाजीवी संगठन के सदस्य नहीं है'?
जो हमेशा से बाबरी मस्जिद का समर्थक रहा वो...
हनुमानगढ़ी के महंत राजू दास ने अखिलेश के बयान को निंदनीय बताते हुए कहा कि राम मंदिर से आम लोगों का भावनात्मक लगाव है। राम मंदिर निर्माण के लिए एकत्रित किए जा रहे धन के विरोध में वह व्यक्ति बोल रहा है, जिसने राम भक्तों पर गोली चलाई जो हमेशा से बाबरी मस्जिद का समर्थक रहा है। यह हिंदू जन भावना को आहत करने वाला बयान है। राम मंदिर से हर व्यक्ति की आस्था जुड़ी है और अखिलेश का बयान आस्था पर कुठाराघात है। राजू दास ने कहा, 'यह हमारा भाव है और हम अपने भाव से रामलला को समर्पित कर रहे हैं। उसको वह चंदाजीवी कह रहे हैं, दुर्भाग्यपूर्ण है।'
PM के 'आंदोलनजीवी' बयान पर बोले अखिलेश- क्या चंदा लेने वाले 'चंदाजीवी संगठन' के सदस्य नहीं?












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