Love Story: पहली मुलाकात में ही कश्मीरी गायिका पर दिल हार बैठा था ये दिग्गज नेता, दिलचस्प है प्रेम कहानी
Ghulam Nabi Azad Love Story Hindi: जम्मू-कश्मीर में तीसरे चरण का मतदान आज हो रहा है, जिसके लिए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। मालूम हो कि कश्मीर में पूरे दस साल बाद चुनाव हो रहे हैं और जिस तरह से लोगों ने उत्साह के साथ पहले और दूसरे चरण में वोटिंग की।
उससे ये पता चलता है कि कश्मीर की कौम भी अब राज्य में एक स्थिर सरकार की उम्मीद रखती है। कांग्रेस, एनसी और पीडीपी को पूरा भरोसा है कि जनता उन्हीं का साथ देगी।

तो वहीं बीजेपी का दावा है कि यहां की जनता विकास के मुद्दे पर वोट देगी और इसलिए उसका प्रेम और समर्थन उसके साथ रहेगा।
तो वहीं इसी बीच सबकी निगाहें कांग्रेस से अलग होकर डेमोक्रेटिक प्रोग्रेसिव आजाद पार्टी बनाने वाले गुलाम नबी आजाद पर भी लगी हुई है।
'इतने लंबे वक्त के बाद भी यहां के मुद्दे नहीं बदले'
जिन्होंने सोमवार को जोर-शोर से प्रचार किया और मीडिया से बात करते हुए कहा कि 'मुझे खुशी है कि यहां दस साल बाद चुनाव हो रहे हैं लेकिन दुख इस बात का है कि इतने लंबे वक्त के बाद भी यहां के मुद्दे नहीं बदले।'
इस्लाम कैसे खतरे में हो सकता है: आजाद
उन्होंने कहा कि 'जहां पर मुसलमानों की आबादी 98 फीसदी हैं, वहां इस्लाम कैसे खतरे में हो सकता है, ये बात विपक्ष की जब सुनता हूं तो बहुत हैरानी होती है।'
आपको बता दें कि गुलाम नबी आजादी की छवि एक समझदार और सुलझे हुए नेता की रही है और यही वजह है कि उनके मुरीदों की लिस्ट में उनके घोर विरोधी भी शामिल हैं। अपनी मीठी बोली और मिलनसार स्वभाव के लिए मशहूर गुलाम नबी आजाद अपनी पर्सनल लाइफ के बारे में जरा कम ही बातें करते हैं।
डोडा जिले के सोती नामक गांव में हुआ था गुलाम नबी आजाद का जन्म
आपको बता दें कि 7 मार्च 1949 को कश्मीर के डोडा जिले के सोती नामक गांव जन्मे गुलाम नबी आजाद ने साल 1973 में सक्रिय राजनीति में कदम रखा था।
जम्मू-कश्मीर की मशहूर लोक गायिका शमीम देव
राजनीति के अलावा वो संगीत में भी काफी रूचि रखते हैं और उनकी यही रूचि उन्हें एक म्यूजिकल शो में ले गई थी, जहां उनकी मुलाकात जम्मू-कश्मीर की मशहूर लोक गायिका शमीम देव से हुई थी।
पहली मुलाकात में कश्मीरी गायिका पर दिल हार बैठे थे आजाद
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक पहली मुलाकात में ही गुलाम नबी आजाद शमीम देव की गायिकी और सुंदरता दोनों से प्रभावित हो गए थे। इसके बाद दोनों की मुलाकातें होने लगीं और एक दिन दोनों ने निकाह का फैसला कर लिया। आपको बता दें कि मखमली आवाज की मल्लिका शमीम देव 'कल्पना चावला एक्सीलेंस अवार्ड' और 'पद्मश्री' से सम्मानित की जा चुकी हैं।
इन्होंने कश्मीरी संगीत को बढ़ावा देने में काफी उल्लेखनीय काम किए हैं। राजनीति के मंच के इस लोकप्रिय कपल को दो बच्चे (एक बेटा एक बेटी) है, बेटे का नाम सद्दाम नबी आजाद और बेटी का नाम सोफिया नबी आजाद हैं।
दूसरे चरण में 26 सीटों के लिए मतदान होगा
मालूम हो कि जम्मू-कश्मीर विधानसभा चुनाव 2024 अपने तीसरे और अंतिम चरण में कश्मीर घाटी की 16 समेत कुल 40 सीटें शामिल हैं। इस चरण में 11 सीटें रेड अलर्ट हैं। थर्ड फेज में 169 कैंडिडेट्स करोड़पति हैं, फिलहाल मतदान जोर-शोर से जारी है जिसके लिए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।












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