Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

'Netanyahu वांटेड क्रिमिनल, US उसे अगवा कर ले', Pakistan के रक्षामंत्री Khawaja Asif की Trump से मांग क्यों?

Pakistan Khawaja Asif News Hindi: पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू को 'मानवता का सबसे बुरा अपराधी' बताते हुए एक सनसनीखेज बयान दिया। उन्होंने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump)से अपील की कि अमेरिका नेतन्याहू का अपहरण कर अपनी अदालत में पेश करे। यह टिप्पणी ऐसे समय में आई है जब वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो (Nicolas Maduro) को अमेरिका ने गिरफ्तार कर लिया है।

आसिफ ने यहां तक कहा कि तुर्की भी नेतन्याहू का अपहरण कर सकता है। यह बयान अंतरराष्ट्रीय कूटनीति में भूचाल ला सकता है, क्योंकि ICC ने पहले ही नेतन्याहू के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया है। आइए, समझते हैं - क्या कहा आसिफ ने, क्यों कहा, बैकग्राउंड क्या है, और इस बयान के वैश्विक निहितार्थ। यह कहानी सांप्रदायिक तनाव, आईसीसी वारंट और अमेरिका-इजराइल रिलेशन की है, जो मध्य पूर्व की राजनीति को प्रभावित कर सकती है।

Pakistan Khawaja Asif

क्या कहा ख्वाजा आसिफ ने? वायरल इंटरव्यू की डिटेल्स

9 जनवरी 2026 को पाकिस्तानी टीवी चैनल जियो न्यूज के साथ इंटरव्यू में रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने नेतन्याहू पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा, 'नेतन्याहू को अब सबसे बड़ा वांछित अपराधी (Netanyahu Most Wanted Criminal) होना चाहिए। अगर अमेरिका मानवता का मित्र है, तो उसे नेतन्याहू का अपहरण कर अपनी किसी अदालत में कार्यवाही शुरू करनी चाहिए।' जब इंटरव्यूअर ने पूछा कि क्या तुर्की ने नेतन्याहू का अपहरण किया है, तो आसिफ ने कहा, 'तुर्की को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि फिलिस्तीनियों के साथ जो किया गया, उसके लिए न्याय मिले।' उन्होंने आगे कहा, 'तुर्की नेतन्याहू का अपहरण कर सकता है, और हम पाकिस्तानी इसके लिए प्रार्थना कर रहे हैं।'

यह इंटरव्यू का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया, जिसने पाकिस्तान-इजराइल तनाव को और भड़का दिया। आसिफ ने आईसीसी के गिरफ्तारी वारंट का बार-बार जिक्र किया और कहा कि देशों को खुद न्याय करना चाहिए।

क्यों की ऐसी मांग? वेनेजुएला केस से लिंक और आईसीसी वारंट

आसिफ की टिप्पणी वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो की गिरफ्तारी के कुछ दिनों बाद आई। 3 जनवरी 2026 को अमेरिकी स्पेशल फोर्सेस ने मादुरो को गिरफ्तार कर न्यूयॉर्क की अदालत में पेश किया, जहां उन पर ड्रग तस्करी और आतंकवाद के आरोप हैं। आसिफ ने इसे उदाहरण देकर कहा कि अगर अमेरिका मादुरो को अगवा कर सकता है, तो नेतन्याहू को भी करे।

  • आईसीसी वारंट: 21 नवंबर 2024 को अंतरराष्ट्रीय आपराधिक न्यायालय (ICC) ने नेतन्याहू के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया। आरोप: गाजा में 'युद्ध अपराध' - भुखमरी का इस्तेमाल, नागरिकों पर हमला, हत्या और उत्पीड़न। यह वारंट 8 अक्टूबर 2023 से 20 मई 2024 तक की घटनाओं पर आधारित है।
  • पाकिस्तान का स्टैंड: पाकिस्तान इजराइल को मान्यता नहीं देता और फिलिस्तीन का समर्थक है। आसिफ का बयान पाकिस्तान की इजराइल विरोधी पॉलिसी का हिस्सा है। गाजा में इजराइल के ऑपरेशन से 40,000+ फिलिस्तीनी मौतों ने मुस्लिम देशों में गुस्सा बढ़ाया है।
  • ट्रंप से अपील: ट्रंप ने मादुरो को गिरफ्तार करवाया, इसलिए आसिफ ने उन्हें 'मानवता का मित्र' कहा। लेकिन ट्रंप इजराइल के मजबूत समर्थक हैं, इसलिए यह व्यंग्य लगता है।

पाकिस्तान-इजराइल तनाव और गाजा मुद्दे पर एक नजर

पाकिस्तान और इजराइल के बीच कोई डिप्लोमैटिक रिलेशन नहीं हैं। पाकिस्तान इजराइल को 'अवैध कब्जा' मानता है और फिलिस्तीन का सपोर्ट करता है। गाजा में हमास-इजराइल युद्ध (2023 से जारी) ने तनाव बढ़ाया। पाकिस्तान ने ICC वारंट का स्वागत किया और इजराइल पर 'नरसंहार' का आरोप लगाया। आसिफ का बयान इसी से जुड़ा है - वे कहते हैं कि इजराइल फिलिस्तीनियों के साथ 'अत्याचार' कर रहा है, इसलिए नेतन्याहू को सजा मिलनी चाहिए।

इजराइल की प्रतिक्रिया: पाकिस्तानी सैनिकों की भूमिका पर आपत्ति

इजराइल के भारत में राजदूत रूवेन अजार ने 9 जनवरी को एनडीटीवी से कहा कि गाजा में शांति के लिए प्रस्तावित अंतरराष्ट्रीय स्थिरीकरण बल (ISF) में पाकिस्तानी सैनिकों की भागीदारी अस्वीकार्य है। अजार ने कहा कि पाकिस्तान के 'आतंकवादी संगठनों से संबंध' के कारण वे ऐसे बल में पाकिस्तान को नहीं चाहते। इजराइल उन देशों के साथ काम करेगा जिन पर भरोसा है। यह ट्रंप की शांति योजना का हिस्सा है, जहां गाजा में स्थिरता के लिए अंतरराष्ट्रीय बल का प्रस्ताव है।

वैश्विक प्रभाव: अमेरिका और तुर्की का ऐंगल

  • अमेरिका: ट्रंप ने वेनेजुएला पर कार्रवाई की, लेकिन इजराइल उनके करीबी सहयोगी हैं। आसिफ का बयान व्यंग्यपूर्ण है, क्योंकि अमेरिका ICC को नहीं मानता और नेतन्याहू का समर्थन करता है।
  • तुर्की: तुर्की के राष्ट्रपति एर्दोगन इजराइल विरोधी हैं। आसिफ ने सुझाव दिया कि तुर्की अपहरण कर सकता है। तुर्की ने पहले ICC वारंट का समर्थन किया है।
  • भारत का स्टैंड: भारत ने गाजा में हिंसा की निंदा की, लेकिन इजराइल के साथ रिश्ते मजबूत हैं। अजार के बयान से भारत-पाक तनाव भी झलकता है।

एक बयान से भड़का अंतरराष्ट्रीय ड्रामा

ख्वाजा आसिफ का बयान पाकिस्तान की इजराइल विरोधी पॉलिसी का हिस्सा है, जो ICC वारंट और वेनेजुएला केस से प्रेरित है। लेकिन यह डिप्लोमैसी में आग लगाने वाला है। इजराइल ने पाकिस्तान को गाजा से दूर रखने की बात की, जो क्षेत्रीय तनाव बढ़ा सकता है। अमेरिका और ट्रंप का रोल महत्वपूर्ण है, क्योंकि वे इजराइल के समर्थक हैं। यह घटना दिखाती है कि मध्य पूर्व की राजनीति वैश्विक स्तर पर कैसे प्रभावित करती है। अगर तुर्की या अन्य देश कदम उठाते हैं, तो बड़ा संकट हो सकता है। भारत जैसे देशों को सतर्क रहना चाहिए।

(नोट: यह खबर उपलब्ध रिपोर्ट्स पर आधारित है। राजनीतिक बयान संवेदनशील होते हैं, इसलिए तथ्यों पर आधारित रहें।)

More From
Prev
Next
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+