अफगानिस्तान में कभी करते थे न्यूज एंकरिंग, तालिबान राज में सड़क पर पकौड़े बेचने को हैं मजबूर

अफगानिस्तान में कभी करते थे न्यूज एंकरिंग, तालिबान राज में सड़क पर पकौड़े बेचने को हैं मजबूर

काबुल, 17 जून: अफगानिस्तान में तालिबान की वापसी के बाद वहां के लोगों की जिंदगी में उथल-पुथल मच गई है। तालिबान के सत्ता में आने के बाद से पूरे अफगानिस्तान को आर्थिक और राजनीतिक उथल-पुथल का सामना करना पड़ा है। अफगानिस्तान से लगातार तालिबानी फरमान और वहां के नए-नए निमयों की खबरें सुनने को मिलती हैं। कभी महिलाओं के स्कूल कॉलेज जाने पर रोक लगती है तो कभी महिलाओं को ड्राइविंग से रोका जाता है। लेकिन इन दिनों अफगानिस्तान से एक पत्रकार की तस्वीर वायरल हो रही है, जिसमें वह सड़क किनारे बैठ स्ट्रीट फूड बेच रहा है।

पत्रकारिता छोड़ सड़क पर खाना बेचने को मजबूर हुए एंकर

पत्रकारिता छोड़ सड़क पर खाना बेचने को मजबूर हुए एंकर

अफगानिस्तान की हामिद करजई सरकार के साथ काम कर चुके कबीर हकमल ने अपने अधिकारिक ट्विटर हैंडल से एक ट्वीट किया, जिसमें उन्होंने पत्रकार के न्यूज एकरिंग करते और सड़क पर खाना बेचने, दोनों तस्वीरें शेयर की हैं। कबीर हकमल के इस ट्विटर पोस्ट से पता चलता है कि अफगानिस्तान में कितने प्रतिभाशाली पेशेवरों को गरीबी में धकेल दिया गया है। खासकर पत्रकारों का क्या हाल हुआ है।

वायरल हुई अफगान पत्रकार मूसा मोहम्मदी की तस्वीर

वायरल हुई अफगान पत्रकार मूसा मोहम्मदी की तस्वीर

कबीर हकमल ने अफगान पत्रकार मूसा मोहम्मदी की तस्वीर साझा की है। तस्वीरों में पत्रकार मूसा मोहम्मदी एक ओर जहां एसी कमरे में बैठकर न्यूज एंकरिंग करते दिख रहे हैं तो वहीं दो अन्य तस्वीरों में वह सड़क किनारे बैठकर स्ट्रीट फूड बेच रहे हैं। कबीर हकमल ने लिखा है कि मोहम्मदी वर्षों से मीडिया क्षेत्र का हिस्सा रहे हैं। लेकिन अपने परिवार की जरूरतों को पूरा करने के लिए वह सड़क किनारे पकौड़ा बेचने को मजबूर हैं। पत्रकार मूसा मोहम्मदी की तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है।

'तालिबान राज में पत्रकारों का जीवन'

'तालिबान राज में पत्रकारों का जीवन'

कबीर हकमल ने तस्वीरों को शेयर कर कैप्शन लिखा, '' तालिबान राज में पत्रकारों का जीवन....मूसा मोहम्मदी ने विभिन्न टीवी चैनलों में एक एंकर और रिपोर्टर के रूप में वर्षों तक काम किया है और अब उनके पास अपने परिवार को खिलाने के लिए कोई आय का साधन नहीं है। और कुछ पैसे कमाने के लिए वह स्ट्रीट फूड बेच रहे हैं। गणतंत्र के पतन के बाद अफगानों को भयंकर गरीबी का सामना करना पड़ रहा है।''

पत्रकार मूसा मोहम्मदी को फिर से मिल सकती है नौकरी

पत्रकार मूसा मोहम्मदी को फिर से मिल सकती है नौकरी

मिस्टर मोहम्मदी की कहानी इंटरनेट पर जमकर वायरल हो रही है। हकमाल के इस ट्वीट को कई लोगों ने रिट्वीट किया है। इस ट्वीट ने इस्लामी अमीरात अफगानिस्तान के सांस्कृतिक आयोग के खुफिया और उप प्रमुख और राष्ट्रीय रेडियो और टेलीविजन के महानिदेशक अहमदुल्ला वसीक का भी ध्यान खींचा। अपने ट्वीट में अहमदुल्ला वसीक ने कहा है कि वह पूर्व टीवी एंकर और रिपोर्टर मूसा मोहम्मदी को अपने यहां नौकरी देंगे।

'हमें सभी अफगान पेशेवरों की जरूरत है...'

'हमें सभी अफगान पेशेवरों की जरूरत है...'

अहमदुल्ला वसीक ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, ''एक निजी टेलीविजन स्टेशन के एंकर मूसा मोहम्मदी की बेरोजगारी की बात सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है। असल में राष्ट्रीय रेडियो और टेलीविजन के निदेशक के रूप में, मैं उन्हें विश्वास दिलाता हूं कि हम उन्हें राष्ट्रीय रेडियो और टेलीविजन संस्थान में नियुक्त करेंगे। हमें सभी अफगान पेशेवरों की जरूरत है।"

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+