कोविड-19 से बढ़ा वैश्विक गरीबी का खतरा, 1.1 अरब हो सकती है अत्यंत गरीबी में रहने वालों की संख्या: रिपोर्ट
लंदन। कोरोना वायरस (कोविड-19) संकट के चलते दुनियाभर के देश परेशानी झेल रहे हैं। वायरस से बचाव का सबसे कारगर उपाय लॉकडाउन ही था, जिसे कई देशों में लगाया गया। इस बीच कई तरह की आर्थित गतिविधियां थम गईं, जिससे अर्थव्यवस्था को भी नुकसान पहुंचा है। ऐसे में शुक्रवार को एक रिपोर्ट में शोधकर्ताओं ने कहा कि कोरोना काल में वैश्विक गरीबी का संकट बढ़ सकता है। उन्होंने कहा कि वैश्विक स्तर पर एक अरब से ज्यादा लोग गरीबी की चपेट में आ जाएंगे।

कोरोना वायरस के चलते लोगों की आय में भी कमी आई है। रिपोर्ट के अनुसार 39.5 करोड़ अतिरिक्त लोग अत्यंत गरीब हो सकते हैं। दुनियाभर में प्रतिदिन 1.90 डॉलर से कम पर गुजारा करने वालों की कुल संख्या 1 अरब के आंकड़े को पार कर सकती है। संयुक्त राष्ट्र युनिवर्सिटी के UNU-WIDER द्वारा प्रकाशित एक रिपोर्ट में ये अनुमान लगाया गया है। इसमें अत्यंत गरीब उन लोगों को कहा गया है जो प्रतिदिन 1.90 डॉलर (करीब 145 रुपये) में अपना गुजारा करते हैं। साथ ही उच्चतर गरीबी रेखा में उन लोगों को रखा गया है जो प्रतिदिन 5.50 डॉलर में गुजारा करते हैं।
रिपोर्ट के अनुसार प्रति व्यक्ति आय में 20 फीसदी की कमी होने से अत्यंत गरीबी में रहने वालों की संख्या 1.12 अरब से अधिक हो सकती है। यही बात उन लोगों के लिए भी कही गई है जो प्रतिदिन 5.50 डॉलर में गुजारा करते हैं। ऐसे लोगों की संख्या बढ़कर 3.7 अरब तक हो सकती है। यानी दुनिया की कम से कम आदि आबादी। रिपोर्ट को लिखने वाले लेखकों में से एक एंडी समर ने कहा, 'दुनिया के अत्यंग गरीब लोगों का भविष्य अंधकार में दिखाई देगा अगर सरकारें जल्द कुछ नहीं करतीं और इनकी आय में हो रही कमी की भरपाई के लिए कोई कदम नहीं उठातीं।'
समर ने कहा कि हम गरीबी हटाने के लक्ष्य में 20-30 साल पीछे चले जाएंगे और संयुक्त राष्ट्र के लिए गरीबी खत्म करने का लक्ष्य एक कल्पना बनकर रह जाएगा। लंदन के किंग कॉलेज और ऑस्ट्रेलिया की नेशनल यूनिवर्सिटी के शोधर्कताओं ने भी ये पाया है कि गरीबी अलग-अलग स्थानों पर दिखाई देगी। यानी कहीं ज्यादा और कहीं कम।
रिपोर्ट के अनुसार दक्षिण एशिया के लोगों के अत्यंत गरीबी में जाने की सबसे ज्यादा संभावना है। इसके अलावा सब-सहारा अफ्रीका में सबसे ज्यादा लोगों के गरीबी में जाने की संभावना है। वहीं सोमवार को विश्व बैंक ने भी कहा था कि इस महामारी के कारण 70-100 मिलियन (7-10 करोड़) लोगों के अत्यधिक गरीबी में जाने की संभावना है।
-
Monalisa निकली नाबालिग, मुस्लिम पति पर POCSO केस दर्ज, 16 की उम्र में कैसे हुई महाकुंभ वायरल गर्ल की शादी? -
Iran US War Peace Talks: संकट में ईरान-अमेरिका शांति वार्ता, नहीं गया ईरान! धरी रह गई शरीफ की तैयारी! -
Ayesha Takia Love Story: सलमान खान की हिंदू हीरोइन ने 23 साल की उम्र में इंटरफेथ लव मैरिज, क्या अपनाया इस्लाम? -
Yamuna Boat Capsized: यमुना में श्रद्धालुओं से भरी नाव पलटी, 10 लोगों की मौत, कैसे हुआ इतना बड़ा हादसा? -
Gold Rate Today: सोने के दामों में लगातार गिरावट जारी, अब इस भाव में बिक रहा है 22K और 18k गोल्ड रेट -
West Bengal Elections 2026: '₹1000 करोड़ की डील', ओवैसी ने तोड़ा हुमायूं कबीर से गठबंधन, क्या है वजह? -
'पति के साथ काम करूंगी', शादी करते ही टॉप एक्ट्रेस का बर्बाद हुआ करियर, बदले तेवर और डूब गया स्टारडम -
Bihar में का बा? CM कौन होगा? BJP की बैठक से पहले सम्राट चौधरी-श्रेयसी सिंह को क्यों दिल्ली बुलाया? -
RR vs RCB: टॉस के बाद फिर से बारिश, कब शुरू होगा राजस्थान-आरसीबी मैच, नया टाइम हुआ निर्धारित -
Aamir Khan: इतनी मोहब्बत थी तो रीना को छोड़ा क्यों? आमिर के शराब पीने वाली बात पर क्यों भड़के लोग? -
Khawaja Asif Kids: इजरायल को 'कैंसर' कहने वाले PAK रक्षा मंत्री की कितनी औलादें? बेटियों के ठुमके हुए थे VIRAL -
LPG Price Today: 'बिना DAC नहीं मिलेगा सिलेंडर', आज क्या है आपके शहर में एलपीजी का रेट?












Click it and Unblock the Notifications