• search
क्विक अलर्ट के लिए
नोटिफिकेशन ऑन करें  
For Daily Alerts

खशोगी की हत्या में शामिल सऊदी क्राउन प्रिंस के खिलाफ मिले सबूत: Report

|

वॉशिंगटन। अमेरिकी न्यूज पेपर वॉल स्ट्रीट जर्नल ने शनिवार को सीआईए का हवाले से एक रिपोर्ट में कहा कि सऊदी क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान ने अपने नजदीकी सलाहकार को अक्टूबर में हुई जमाल खशोगी की मौत से पहले कम से कम 11 मैसेज भेजे थे, जिसने कथित तौर पर इस हत्या को अंजाम दिया था। द वॉशिंगटन पोस्ट के लिए काम करने वाले सऊदी मूल के जर्नलिस्ट जमाल खशोगी की हत्या के बाद अमेरिका और सऊदी अरब के रिश्तों के बीच गंभीर खतरा पैदा हुआ है। इस बीच अमेरिकी सीनेटर्स ने भी खशोगी की हत्या के बारे में एकत्रित हुई खुफिया जानकारी की मांग की है।

 क्राउन प्रिंस के खिलाफ मिला एक और सबूत

वॉल स्ट्रीट जर्नल ने कहा कि सीआईए की रिपोर्ट के अनुसार, जांच एजेंसी को पूरा पता है कि क्राउन प्रिंस मोहम्मद ने व्यक्तिगत रूप से खशोगी की हत्या और उसे टारगेट बनाने का आदेश दिया था। हालांकि, सीआईए ने अभी सीधे रूप से प्रिंस को इसके लिए दोषी नहीं ठहराया है।

जर्नल ने सीआईए की रिपोर्ट का हवाला देते हुए मोहम्मद बिन सलमान ने सऊद अल-कहतानी को इलेक्ट्रॉनिक मैसेज भेजे थे। यह वही कहतानी है जिसने खसोगी की हत्या करने वाले 15 सदस्यीय दल का नेतृत्व किया था। इस्तांबुल में वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए कहतानी ने उन 15 हत्यारों को खशोगी की हत्या करने के लिए कहा था।

वॉल स्ट्रीट जर्नल रिपोर्ट के अलावा अमेरिकी खुफिया अधिकारियों ने को पूरे विश्वास के साथ निष्कर्ष निकाला है कि क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान ने ही खशोगी की हत्या करने का आदेश दिया था। हालांकि, ट्रंप समेत अमेरिकी अधिकारियों एक बार जांच पूरी नहीं होने तक का इंतजार करने के लिए कहा है।

जीवनसंगी की तलाश है? भारत मैट्रिमोनी पर रजिस्टर करें - निःशुल्क रजिस्ट्रेशन!

देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
English summary
CIA finds another clue against Saudi Prince Mohammed bin Salman on Khashoggi's murder
For Daily Alerts
तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
Enable
x
Notification Settings X
Time Settings
Done
Clear Notification X
Do you want to clear all the notifications from your inbox?
Settings X
X
We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more