भारत-रूस में 10 द्विपक्षीय समझौतों पर होंगे हस्ताक्षर, दो दिनों बाद दोस्ती के 'नये युग' की शुरूआत
रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और भारतीय प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी के बीच वार्ता के बाद रूस और भारत के बीच अर्ध-गोपनीय सहित विभिन्न क्षेत्रों में 10 द्विपक्षीय समझौतों पर हस्ताक्षर होंगे।
नई दिल्ली, दिसंबर 04: दो दिनों के बाद भारत और रूस के बीच संबंधों के नये दौर की शुरूआत होने जा रही है और रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन भारत दौरे पर आने वाले हैं। इस दौरान दोनों देशों के बीत 10 द्विपक्षीय समझौतों पर हस्ताक्षर होने वाले हैं, जिनमें एक समझौता गोपनीय होगा। रूसी राष्ट्रपति पुतिन के एक सहयोगी ने कहा है कि, दोनों देशों के बीच अलग अलग क्षेत्रों में 10 अहम समझौतों पर हस्ताक्षर किए जाएंगे।

रूसी राष्ट्रपति का भारत दौरा
रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और भारतीय प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी के बीच वार्ता के बाद रूस और भारत के बीच अर्ध-गोपनीय सहित विभिन्न क्षेत्रों में 10 द्विपक्षीय समझौतों पर हस्ताक्षर होंगे। रूसी न्यूज एजेंसी टास ने राष्ट्रपति पुतिन के सहयोगी यूरी उशाकोव के हवाले से लिखा है कि, "दोनों देशों के बीच लगभग 10 द्विपक्षीय समझौतों पर हस्ताक्षर किए जाएंगे, जो काफी महत्वपूर्ण हैं और इनमें कुछ अर्ध-गोपनीय समझौते भी शामिल हैं।" उन्होंने कहा कि, "उन पर अभी भी काम चल रहा है। हमें विश्वास है कि यात्रा के हिस्से के रूप में समझौतों के पैकेज पर हस्ताक्षर किए जाएंगे।"

समझौतों को अंतिम रूप दिया जाना बाकी
रूसी समाचार एजेंसी के अनुसार, उशाकोव ने समझौतों का नाम लेने से इनकार कर दिया, क्योंकि उन्हें अभी भी अंतिम रूप दिया जा रहा है। लेकिन उन्होंने कहा कि, "ज्यादातर समझौते अलग अलग क्षेत्रों के हैं और द्विपक्षीय संबंधों के विकास के लिए महत्वपूर्ण हैं।" आपको बता दें कि, रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन वार्षिक भारत-रूस शिखर सम्मेलन के लिए 6 दिसंबर को नई दिल्ली पहुंचेंगे। नवंबर 2019 में ब्रासीलिया में ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के इतर बैठक के बाद रूसी राष्ट्रपति और प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी की यह पहली व्यक्तिगत बैठक होगी।

6 दिसंबर को पुतिन का भारत दौरा
पुतिन की यात्रा से पहले भारतीय विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने कहा कि, भारत और रूस के प्रमुखों के साथ-साथ दोनों देशों के रक्षा और विदेश मामलों के मंत्रियों के बीच कई बैठकें 6 दिसंबर को नई दिल्ली में होंगी। दिन की शुरुआत रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और रूस के विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव और रक्षा मंत्री सर्गेई शोइगु, सैन्य-तकनीकी सहयोग पर इंटर-गवरमेंटल कमीशन के सह-अध्यक्षों की बैठक से होगी। भारत और रूस के बीच वार्षिक शिखर सम्मेलन 6 दिसंबर की दोपहर को होगा। जिसमें दोनों देशों के नेता दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय संबंधों की संभावनाओं की समीक्षा करेंगे और दोनों देशों के बीच रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत करने के तरीकों पर चर्चा करेंगे।

पीएम मोदी-पुतिन मुलाकात
भारतीय विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता बागची ने कहा कि, पुतिन और पीएम मोदी के पास आपसी हित के क्षेत्रीय बहुपक्षीय और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर विचारों का आदान-प्रदान करने का अवसर होगा। शिखर सम्मेलन के अंत में, एक संयुक्त बयान प्रकाशित किया जाएगा, जो शिखर सम्मेलन के दौरान और पूर्व संध्या पर हस्ताक्षर किए गये समझौतों और दोनों नेताओं के बीच की बातचीत पर जानकारी दी जाएगी।












Click it and Unblock the Notifications