Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

महिला पहलवानों के शोषण मामले में FIR दर्ज होने के बाद क्या बोले WFI अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह

wrestlers protest news: भारती कुश्ती महासंघ के अध्यक्ष और भाजपा सांसद बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ FIR दर्ज होने के बाद बयान सामने आया है। कहा कि जब मेरे पास FIR की कॉपी आ जाएंगी, मैं तब बात करूंगा।

Brij Bhushan Sharan Singh

wrestlers protest news: महिला पहलवानों के शोषण मामले में पिछले एक हफ्ते से पहलवान दिल्ली के जंतर-मंतर पर धरना दे रहे है। पहलवानों के धरने के बाद दिल्ली पुलिस एक्शन में आई और भारतीय कुश्ती महासंघ (WFI) के अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ FIR दर्ज कर ली है।

WFI के अध्यक्ष बृजभूषण सिंह के खिलाफ दिल्ली पुलिस ने 2 एफआईआर दर्ज की है। वहीं, एफआईआर दर्ज होने के बाद मीडिया ने जब बृजभूषण सिंह से बात करने की कोशिश की तो उन्होंने कहा, अभी मेरे पास FIR की कॉपी नहीं आई है। जब मेरे पास FIR की कॉपी आ जाएंगी, मैं तब बात करूंगा।

इस दौरान WFI प्रमुख बृजभूषण शरण सिंह ने कहा कि इस्तीफा देना कोई बड़ी बात नहीं है, लेकिन मैं अपराधी नहीं हूं। अगर मैं इस्तीफा देता हूं तो इसका मतलब होगा कि मैंने उनके (पहलवानों) आरोपों को स्वीकार कर लिया है। मेरा कार्यकाल लगभग समाप्त हो गया है।

उन्होंने कहा कि सरकार ने 3 सदस्यीय समिति बनाई है और चुनाव 45 दिनों में होंगे। चुनाव के बाद मेरा कार्यकाल समाप्त हो जाएगा। उन्होंने कहा कि जांच में फेडरेशन की कोई भूमिका नहीं है। इन लोगों की मांग लगातार बदलती है। जनवरी में इस्तीफा देने की इनकी मांग थी।

उस वक्त भी मैंने कहा था कि मैंने अगर अपने पद से इस्तीफा दे दिया तो इसका मतलब ये है कि मैंने इनके आरोपों को स्वीकार कर लिया है...इस्तीफा देना बड़ी बात नहीं है मगर अपराधी बनकर नहीं। गोंडा से भाजपा सांसद बृजभूषण शरण सिंह ने कहा कि मुझे सुप्रीम कोर्ट पर पूरा विश्वास है।

Recommended Video

    आरोपों से घिरे बीजेपी सांसद के आवास पर जुटे समर्थक, देखिए क्या बोले बृज भूषण शरण सिंह

    इस देश में सुप्रीम कोर्ट से कोई बड़ा नहीं हो सकता। सुप्रीम कोर्ट के सामने FIR करने की बात आई है। जांच एजेंसी पर मुझे पूरा भरोसा है। मैं पूरी तरह से निर्दोष हूं और इन आरोपों का सामना करने के लिए तैयार हूं, जांच में सहयोग करने के लिए भी तैयार हूं।

    जांच समीति की रिपोर्ट इनके पास लगातार पहुंच रही थी। इनको जब लगा कि जांच समीति में कोई आरोप सिद्ध नहीं हो रहा है तो इन्होंने समीति के रिपोर्ट को सार्वजनिक होने का इंतजार नहीं किया और एक नए मामले के साथ सुप्रीम कोर्ट चले गए।

    बीजेपी सांसद पूछा कि एक ही परिवार और एक ही अखाड़ा क्यों? हरियाणा के अन्य खिलाड़ी क्यों नहीं? हिमाचल, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश आदि राज्यों के खिलाड़ी क्यों नहीं? 12 साल से लगातार इनके साथ यौन उत्पीड़न हो रहा है, वो यौन उत्पीड़न देश के अन्य खिलाड़ियों के साथ क्यों नहीं होता है?

    More From
    Prev
    Next
    Notifications
    Settings
    Clear Notifications
    Notifications
    Use the toggle to switch on notifications
    • Block for 8 hours
    • Block for 12 hours
    • Block for 24 hours
    • Don't block
    Gender
    Select your Gender
    • Male
    • Female
    • Others
    Age
    Select your Age Range
    • Under 18
    • 18 to 25
    • 26 to 35
    • 36 to 45
    • 45 to 55
    • 55+