Uttar Pradesh News: हिंदू-मुस्लिम एकता की पेश की मिसाल, मुस्लिम महिलाओं ने काशी में की राम आरती, कही ये बात
Muslim Women Prays For Lord Ram In Kashi Varanasi: दिवाली के मौक़े पर मुस्लिम महिला फाउंडेशन की महिलाओं ने भगवान राम की आरती की, इसके साथ ही गीत भी गाये। मुस्लिम संगठन की सदस्य नाज़नीन अंसारी ने कहा कि इस तरह के आयोजन के ज़रिए हिंदू-मुस्लिम संस्कृति के ज़रिए समाज में मज़बूती पैदा होती है।
नाज़नीन अंसारी ने कहा कि हम लोग अपना नाम औऱ धर्म तो बदल सकते हैं, लेकिन अपने पूर्वजों को कैसे बदलेंगे। राम न सिर्फ हिंदू और मुसलमानों के बीच की दूरी कम करते हैं, बल्कि इस्लाम की रोशन भी फैलाते हैं। राम के नाम से अधर्म का अंधकार मिटता है। इस नाम को सभी जगह फैलाने की ज़रूरत है।

राम से दूर रहने वाले लोग हिंसा का सहारा लेने के लिए मजबूर हैं। फिलिस्तीन और इजराइल में लोग खून की नदियां बहा रहे हैं। वह लोग भगवान राम के रास्ते पर चलें तो शांति कायम हो सकती है। सिर्फ राम राज्य की वजह से दुनिया में चैन सुकून आ सकता है।
मुस्लिम महिलाओं ने कहा कि हम लोग मुसलमान हैं लेकिन कभी भी अरबी संस्कृति को कबूल नहीं कर सकते हैं। अपने पूर्वजो से जुड़े रहने पर ही मुसलमानों को इज़्ज़त मिल सकती है। वहीं नाज़मा परवीन ने कहा कि मुस्लिम महिलाओं ने जो यह पहल की है, इससे लोगों को आपसी मोहब्बत और भाइचारे का संदेश मिला है।
भगवान राम ही एक सहारा है जो किसी भी इंसान के दिल नफरत निकाल कर मोहब्बत पैदा कर सकते हैं। हिंसा और अधर्म के इस ज़माने में सिर्फड भगवान राम के नाम से ही किसी को सही रास्ते पर ले जाया जा सकता है।
आपको बता दें कि मुस्लिम महिला नाज़ा प्रवीन ने पीएम मोदी पर पीएचडी की है। वहीं कुछ मुस्लिम महिलाओं ने कहा कि मुस्लिम समुदाय के लोग सभी की इज़्ज़त करते हैं, लेकिन इसके बावजूद मुसलमानों को ही देशद्रोही साबित करने के लिए सभी लोग आगे आते रहते हैं।












Click it and Unblock the Notifications