Punjab News: चंडीगढ़ कोर्ट परिसर में फायरिंग, रिटायर्ड AIG ने अपने ही दामाद पर चलाई गोलियां
Chandigarh News: पंजाब पुलिस के सेवानिवृत्त सहायक महानिरीक्षक (एआईजी) मलविंदर एस सिद्धू को ज़मीन विवाद में अपने दामाद हरप्रीत सिंह की गोली मारकर हत्या करने के आरोप में गिरफ़्तार किया गया है। यह घटना चंडीगढ़ जिला न्यायालय में सुनवाई के दौरान हुई। गोलीबारी के बाद पुलिस ने सिद्धू को गिरफ़्तार करके आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है।
मिली जानकारी के मुताबिक, चंडीगढ़ की वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) कंवरदीप कौर ने घटना के बारे में विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया, "हमें आज शनिवार को दोपहर करीब 2 बजे जिला न्यायालय के मध्यस्थता केंद्र में गोलीबारी की सूचना मिली।

पुलिस मौके पर पहुंची और पाया कि पीड़ित का नाम हरप्रीत सिंह है और उसे अस्पताल ले जाया गया, लेकिन वहां उसकी मौत हो गई। कथित आरोपी को मौके पर ही पकड़ लिया गया और पुलिस हिरासत में ले लिया गया तथा उसके पास से एक हथियार बरामद किया गया है ।
उन्होंने बताया कि यह घटना एक अदालत सत्र के दौरान हुई, जहाँ दोनों पक्ष मोहाली में चल रहे अपने भूमि विवाद से संबंधित सुनवाई के लिए उपस्थित थे। मृतक हरप्रीत सिंह भारतीय राजस्व सेवा (आईआरएस) के अधिकारी थे। दोनों परिवारों के बीच संघर्ष बढ़ता जा रहा था, जिसका अंत इस घातक टकराव के साथ हुआ।
बहरहाल, पुलिस ने इस बात की जांच शुरू कर दी है कि सिद्धू कोर्ट परिसर में बंदूक कैसे लेकर आया। एसएसपी कौर ने बताया कि वे सीसीटीवी फुटेज की जांच कर रहे हैं और घटनाओं के सिलसिले को जोड़ने के लिए प्रत्यक्षदर्शियों से बात कर रहे हैं। उन्होंने कहा, "मौके की जांच के लिए एफएसएल टीम को बुलाया गया है। हम प्रत्यक्षदर्शियों से भी बात कर रहे हैं। यह जांच की जा रही है कि कथित आरोपी किस गेट से कोर्ट में दाखिल हुआ।"
अधिकारियों ने सिद्धू के पास से .32 बोर की पिस्तौल, चार चली हुई गोलियां और तीन अप्रयुक्त गोलियां बरामद कीं। यह सबूत यह समझने में महत्वपूर्ण होगा कि सिद्धू ने इतने सुरक्षित माहौल में अपनी योजना को कैसे अंजाम दिया।बताया जा रहा है कि सिद्धू और उनके दामाद के बीच ज़मीन विवाद पिछले कुछ समय से चल रहा था, जिसकी कई बार अदालत में सुनवाई हो चुकी है। उनके परिवारों के बीच तलाक की कार्यवाही भी चल रही थी, जिससे उनके तनावपूर्ण रिश्ते में और पेचीदगियां आ गई थी।












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