पलामू: ASI पिता के लिए ट्रिपल खुशी,तीनों बेटे एक ही दिन बने दरोगा

नई दिल्ली। झारखंड के पलामू में एक पिता के लिए खुशी दोगुनी नहीं बल्कि तीगुनी हो गई जब उनके तीनों बेटे एक ही दिन में दरोगा बन गए। पलामू के बाराटोला के रहने वाले अगस्त दुबे एएसआइ की नौकरी करते हैं। उनकी खुशी का उन वक्त ठिकाना नहीं रहा जब उनके तीनों बेटे एक ही दिन में दरोगा परीक्षा में चयनित हो गए। तीनों बेटों को एक साथ ये खुशी मिली तो वहीं परिवार वालों के लिए खुशी तीगुनी हो गई है।

एक दिन में तीनों बेटे बनवे दरोगा

एक दिन में तीनों बेटे बनवे दरोगा

अगस्त दुबे के बेटे नितेश दुबे, बिकेश दुबे और ऋषिकेश दुबे ने एक साथ पुलिस सब इंस्पेक्टर की परीक्षा दी और तीनों एक साथ सफल हो गए। उनके दो बेटे नितेश और बिकेश ने बी-टेक किया है। जबकि छोटे बेटे ऋषिकेश जीएलए कॉलेज से बीएससी पास करने के बाद घर में तैयारी कर रहा था। तीनों ही बच्चों ने पिता का नाम रौशन किया और एक ही दिन में सफलता हासिल की।

पिता ASI और तीनों बेटे दरोगा

पिता ASI और तीनों बेटे दरोगा

इंजीनियरिंग छोड़ कर दारोगा परीक्षा में जाने के सवाल पर नितेश ने कहा कि वो अपने पिता जी से प्रेरित होकर सरकारी नौकरी में जाने के लिए प्रेरित हुए इसलिए उन्होंने दरोगा परीक्षा की तैयारी की। वहीं ऋषिकेश का कहना है कि वो समजा की सेवा करना चाहते हैं, इसलिए उन्होंने दरोगा परीक्षा की तैयारी की।

इंजीनियरिंग छोड़कर बने दरोगा

इंजीनियरिंग छोड़कर बने दरोगा

अग्सत दुबे के दो बेटों ने बी-टेक और छोटे बेटे ने बीएससी की है। नितेश ने कोलकाता के नेताजी सुभाष चंद्र बोस इंजीनियरिंग कॉलेज से बी-टेक की और प्राइवेट जॉब में थे। वहीं बिकेश ने हजारीबाग विनोबा भावे विश्वविद्यालय से बी-टेक किया और घर पर प्रतियोगिता परीक्षा की तैयारी कर रहे थे। जबकि तीसरा छोटा भाई ऋषिकेश जीएलए कॉलेज से बीएससी पास करने के बाद घर पर तैयारी कर रहा था। अब तीनों ने अपने पिता का नाम रौशन कर दिया है।

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